काशी साहित्य कला उत्सव में अव्यवस्था, क्षमता से अधिक पास जारी करने से बेकाबू हुई भीड़

काशी साहित्य कला उत्सव में अव्यवस्था, क्षमता से अधिक पास जारी करने से बेकाबू हुई भीड़

बनारस लिट फेस्ट में शर्मनाक दृश्य: महिलाओं से अभद्रता, पुलिस पर आरोप
•हजारों को न्योता, जगह सिर्फ 500 की: बनारस लिट फेस्ट में अव्यवस्था उजागर•फोन स्विच ऑफ, गेट बंद: काशी लिट फेस्ट में आयोजकों पर सवाल
•काशी लिट फेस्ट में भगदड़ जैसे हालात: 10 घायल

rajeshswari

वाराणसी(जनवार्ता)।काशी साहित्य कला उत्सव (बनारस लिट फेस्ट) के तीसरे दिन रविवार को ताज होटल परिसर में भारी अव्यवस्था फैल गई। पीयूष मिश्रा के कंसर्ट को लेकर उमड़ी भीड़ ने आयोजन की इंतजामी पोल खोल दी। आयोजकों द्वारा क्षमता से कहीं अधिक लोगों को आमंत्रण और पास जारी किए जाने के कारण स्थिति बेकाबू हो गई और मामला हंगामे व पुलिस से झड़प तक पहुंच गया।

महिला से बदसलूकी करता पुलिसकर्मी

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आयोजकों और प्रायोजकों ने कार्यक्रम स्थल की वास्तविक क्षमता को नजरअंदाज करते हुए हजारों लोगों को VVIP व अन्य पास जारी कर दिए। शाम होते-होते जब भीड़ तय सीमा से कई गुना अधिक हो गई तो सुरक्षा कारणों से आयोजकों ने इंट्री गेट अचानक बंद करवा दिए। इससे बाहर खड़े लोग भड़क गए और गेट पर धक्का-मुक्की शुरू हो गई।

स्थिति बिगड़ने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन भीड़ नियंत्रण में नहीं आई। जबरन प्रवेश की कोशिशों के दौरान भगदड़ जैसे हालात बन गए। कुछ युवक दीवार फांदकर अंदर घुसने का प्रयास करते दिखे, जिन्हें सुरक्षाकर्मियों ने रोक दिया।

इसी दौरान एक वाहन को बाहर निकालने के लिए गेट खोला गया, जिससे भीड़ और उग्र हो गई। इसके बाद पुलिस और लोगों के बीच झड़प हो गई। आरोप है कि पुलिस कार्रवाई के दौरान कुछ युवकों के साथ मारपीट हुई तथा महिलाओं और युवतियों से अभद्रता की गई। मौके पर मौजूद अधिकारियों के सामने महिलाओं को हाथ पकड़कर हटाने के आरोप भी लगाए गए हैं।

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कई युवतियां, जिनके पास VVIP पास थे और जो आयोजक सनबीम समूह के दीपक मधोक के स्कूल की छात्राएं बताई जा रही हैं, उन्हें भी प्रवेश नहीं मिला। नाराज लोगों ने मुख्य आयोजकों दीपक मधोक, अमित सेवारामानी और बृजेश सिंह से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उनके फोन स्विच ऑफ मिले, जिससे आक्रोश और बढ़ गया।

हालात को काबू में करने के लिए एसीपी नितिन तनेजा ने मौके पर बैरिकेडिंग कराई और रस्सियां लगवाईं। पुलिस ने करीब 200 सीटों पर बैठे और स्टैंड में खड़े लगभग 250 लोगों को ही अंदर रहने दिया, जबकि शेष भीड़ को लाठी फटकार कर परिसर से बाहर किया गया। हंगामे के दौरान करीब 10 लोगों के घायल होने की सूचना है।

शाम 6 बजे शुरू हुआ हंगामा रात 9.30 बजे तक चलता रहा। रात करीब 10 बजे पीयूष मिश्रा के मंच पर पहुंचने के बाद कार्यक्रम शुरू हो सका।

घटना के बाद आयोजकों की तैयारियों, भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा इंतजाम और क्षमता से अधिक पास जारी करने को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासनिक स्तर पर मामले की समीक्षा की बात कही जा रही है।

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Shiv murti

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