काशी इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी में ‘नेक्स्ट जेनरेशन फार्मास्यूटिकल साइंसेज’ पर राष्ट्रीय सम्मेलन संपन्न
वाराणसी (जनवार्ता) : फार्मास्यूटिकल विज्ञान में नवीनतम प्रगति और औद्योगिक नवाचारों को प्रोत्साहित करने के लिए काशी इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी, में शनिवार को “नेक्स्ट जेनरेशन फार्मास्यूटिकल साइंसेज एंड इंडस्ट्री इनोवेशन्स” विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का सफल एवं भव्य आयोजन किया गया।


कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुई। संस्थान के निदेशक प्रो. (डॉ.) आशुतोष मिश्रा ने स्वागत भाषण में सभी सम्मानित अतिथियों और प्रतिभागियों का हार्दिक स्वागत करते हुए फार्मा क्षेत्र में अनुसंधान और उद्योग के बीच मजबूत सहयोग की जरूरत पर बल दिया।
सम्मेलन में दो महत्वपूर्ण विशेषज्ञ व्याख्यान दिए गए। पहले व्याख्यान में डॉ. बी. प्रभा शंकर, चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर, लीड्स फार्मा प्रा. लि. ने फार्मास्यूटिकल उद्योग एवं अनुसंधान के समन्वय तथा नवाचार की भूमिका पर अपने विचार रखे। दूसरे व्याख्यान में डॉ. अनिल कुमार शर्मा, वाइस प्रेसिडेंट, अमिल फार्मास्यूटिकल्स ने फार्मा उद्योग की उभरती संभावनाओं, मौजूदा चुनौतियों और भविष्य की दिशा पर विस्तार से प्रकाश डाला।
इस दौरान आयोजित पोस्टर प्रस्तुति प्रतियोगिता में विभिन्न महाविद्यालयों के छात्रों ने अपने शोध कार्यों को प्रस्तुत किया। उत्कृष्ट शोधकर्ताओं को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया, जिससे युवा पीढ़ी में शोध के प्रति नया उत्साह जगा।
सम्मेलन में 19 से अधिक महाविद्यालयों के लगभग 200 प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। कार्यक्रम के समापन अवसर पर विभागाध्यक्ष सच्चिदानंद पाठक एवं परीक्षा नियंत्रक कुमार आलोक ने सभी अतिथियों, वक्ताओं और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
पूरे सम्मेलन का सफल आयोजन सिद्धार्थ तिवारी एवं विवेक कुमार के कुशल नेतृत्व में संपन्न हुआ। कार्यक्रम पूरे समय उत्साहपूर्ण माहौल में चला और सभी प्रतिभागियों के लिए ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक साबित हुआ।

