स्वैच्छिक रक्तदान, देश और समाज के लिए महादान, सोनभद्र बार एसोसिएशन में 19 ने किया रक्तदान
सोनभद्र (जनवार्ता)। स्वैच्छिक रक्तदान को देश व समाज के लिए बेहद जरूरी बताते हुए सोनभद्र बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एडवोकेट अरुण कुमार मिश्र ने कहा कि यह निःस्वार्थ सेवा का सर्वोत्तम रूप है, जो किसी के जीवन को बचा सकता है। कचहरी परिसर स्थित सोनभद्र बार एसोसिएशन प्रांगण में शुक्रवार 9 जनवरी को सोनभद्र बार एसोसिएशन एवं उत्सव ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित स्वैच्छिक रक्तदान शिविर बड़ी सफलता के साथ संपन्न हुआ। इस शिविर में कुल 23 रजिस्ट्रेशन के बीच 19 लोगों ने रक्तदान कर समाजसेवा का अनुपम उदाहरण पेश किया।


शिविर का शुभारंभ उत्सव ट्रस्ट के संरक्षक स्वामी अरविंद सिंह की अध्यक्षता में मुख्य अतिथि अरुण कुमार मिश्र, विशिष्ट अतिथि महामंत्री अखिलेश कुमार पाण्डेय, बार के पूर्व पदाधिकारियों, निर्वाचन प्रत्याशियों एवं गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. राजेंद्र प्रसाद की मूर्ति पर माल्यार्पण से हुई, जिसके बाद मुख्य अतिथि द्वारा फीता काटकर औपचारिक उद्घाटन किया गया। सर्वप्रथम अधिवक्ता विजय प्रकाश मालवीय एवं उत्सव ट्रस्ट के सह निदेशक अनिल कुमार शर्मा ने रक्तदान कर शिविर की शुरुआत की।
रक्तदाताओं में पहली बार रक्तदान करने वाले श्रवण कुमार (मक्खन चाय वाले), आयुष केशरी, किशन मेहता सहित अनिल कुमार शर्मा, विशेष दुबे, पंकज कनोडिया, द्वारिका नाथ नागर, संजय कुमार पाण्डेय, आसमा रब्बानी, ललित सक्सेना, शोभित श्रीवास्तव, अमन तिवारी, राजीव कुमार सिंह गौतम, धनंजय शुक्ला, कुशकान्त मौर्य, कपिल कुमार, उत्कर्ष दीक्षित एवं अम्ब्रिश कुमार पाठक (न्यायिक कर्मचारी) प्रमुख थे। कुछ रजिस्टर्ड दाताओं में से 19 ने ही स्वास्थ्य जांच के बाद सफलतापूर्वक रक्तदान किया।
मुख्य अतिथि अरुण कुमार मिश्र ने उत्सव ट्रस्ट को धन्यवाद देते हुए कहा कि ऐसे शिविर नियमित रूप से आयोजित होने चाहिए। विशिष्ट अतिथि अखिलेश कुमार पाण्डेय ने रक्तदान को ‘महादान’ करार देते हुए निरंतरता का संकल्प लिया। स्वामी अरविंद सिंह ने 64 वर्ष की उम्र में भी रक्तदान कर स्वास्थ्य लाभ बताए, जबकि ट्रस्टी आशीष कुमार पाठक ने इसे जीवन को सार्थक बनाने वाला कार्य बताया।
शिविर में शुगर, हेमोग्लोबिन, बीपी, वजन जांच की सुविधा के साथ चाय, कॉफी, फल एवं नाश्ते की व्यवस्था रही। डॉ. अजय कुमार शर्मा ने संचालन किया। महिला अधिवक्ताओं पूनम सिंह, आसमा रब्बानी, गीता गौर, सरिता सिंह आदि एवं अन्य पदाधिकारियों का योगदान सराहनीय रहा। ब्लड बैंक टीम में डॉ. शुभम जैश, स्टाफ नर्स सरोज देवी सहित अन्य चिकित्साकर्मियों ने उत्कृष्ट सेवा दी।
कार्यक्रम का समापन स्मृति चिन्ह, प्रमाण पत्र वितरण एवं ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम’, ‘अधिवक्ता एकता जिंदाबाद’ एवं ‘रक्तदान महादान’ के उद्घोष के साथ हुआ। यह आयोजन सामाजिक जागरूकता एवं मानवता की सेवा का प्रतीक बना।

