धान खरीद समय से पहले बंद होने पर किसानों में चिंता, खरीद पुनः शुरू कराने को रालोद का ज्ञापन
सोनभद्र (जनवार्ता)! धान खरीद लक्ष्य समय से पहले पूरा दिखाकर केंद्रों पर खरीद बंद किए जाने से किसानों में गहरी चिंता फैल गई है। राष्ट्रीय लोक दल ने इसे किसानों के हितों के साथ अन्याय बताते हुए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर तत्काल धान खरीद पुनः शुरू कराने की मांग की है।

धान खरीद लक्ष्य समय से पूर्व पूरा दिखाकर केंद्रों पर खरीद बंद किए जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। राष्ट्रीय लोक दल के जिलाध्यक्ष श्रीकांत त्रिपाठी ने इसे गंभीर मुद्दा बताते हुए कहा कि धान खरीद रुकने से किसानों में चिंता की लहर दौड़ गई है। उनके नेतृत्व में किसानों के एक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश को ज्ञापन सौंपकर जिले में पुनः धान खरीद शुरू कराने की मांग की।
ज्ञापन में बताया गया कि जनपद में पंजीकृत 27 हजार किसानों के सापेक्ष अब तक केवल 16 हजार किसानों का ही धान खरीदा गया है, जबकि 11 हजार से अधिक किसानों का धान अभी शेष है। निर्धारित अंतिम तिथि 28 फरवरी होने के बावजूद लक्ष्य पूरा दिखाकर 45 दिन पहले ही खरीद बंद कर दी गई, जिससे हजारों किसानों के सामने धान बेचने की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। यदि शीघ्र खरीद शुरू नहीं हुई तो किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
ज्ञापन सौंपने के बाद श्रीकांत त्रिपाठी ने बताया कि जिलाधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए शासन को अवगत कराकर लक्ष्य बढ़ाने और खरीद पुनः शुरू कराने का आश्वासन दिया है।
वहीं, किसानों के समर्थन में कलेक्ट्रेट पहुंचे पूर्वांचल नव निर्माण किसान मंच के नेता गिरीश पाण्डेय ने धान खरीद लक्ष्य कागजों पर पूरा करने का आरोप लगाते हुए अब तक हुई खरीद की सीबीआई जांच की मांग की। उन्होंने दावा किया कि ईमानदार जांच में 100 करोड़ रुपये से अधिक के भ्रष्टाचार का खुलासा हो सकता है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसान व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

