वाराणसी : दहेज उत्पीड़न की शिकार महिला का पुलिस पर एफआईआर न दर्ज करने का आरोप
वाराणसी (जनवार्ता) : दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के शिकार एक महिला ने शुक्रवार को पराड़कर स्मृति भवन, गोलघर में प्रेस वार्ता आयोजित कर अपनी आपबीती सुनाई। पीड़िता श्रीमती भावना जायसवाल (पुत्री सुरेश प्रसाद जायसवाल, निवासी देव नगर कॉलोनी, बड़ी गैवी, वाराणसी) ने आरोप लगाया कि उनके पति विवेक कुमार गुप्ता, ससुर कृष्ण मुरारी गुप्ता (जो स्वयं पुलिस विभाग में दरोगा हैं), सास संध्या देवी, ननद आकांक्षा गुप्ता और देवर विशाल कुमार गुप्ता द्वारा लगातार दहेज की मांग की जा रही है।

पीड़िता ने बताया कि विवाह के समय उनके पिता ने अपनी पूरी सामर्थ्य के अनुसार खर्च किया था, फिर भी ससुराल पक्ष बार-बार दहेज की मांग करता रहा। मांग पूरी न होने पर उन्हें कहा जाता है कि “जाकर आत्महत्या कर लो”। ससुर और सास ने धमकी दी कि “तुम्हारे ऊपर जादू-टोना करवा देंगे” और “बेटे की दूसरी शादी करवा देंगे”। पीड़िता के साथ नियमित मारपीट, गाली-गलौज की जाती है तथा उन्हें “दरिद्र, भिखमंगा, पागल और एब्नॉर्मल” जैसे अपशब्द कहे जाते हैं।
श्रीमती भावना ने बताया कि उन्होंने उच्च अधिकारियों को कई प्रार्थना पत्र दिए, लेकिन ससुर के पुलिस विभाग में होने के कारण उनके खिलाफ अब तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं हुई है। पीड़िता के पिता सुरेश प्रसाद जायसवाल, भाई प्रशांत जायसवाल और अधिवक्ता संतोष कुमार ने भी कानूनी प्रयास किए, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।

