अलीगढ़ के पॉश अस्पताल में सिपाही भाइयों ने प्रेमी की गोली मारकर हत्या कर दी
अलीगढ़। अलीगढ़ के पॉश इलाके मैरिस रोड स्थित रेनुका अस्पताल में सोमवार रात एक चौंकाने वाली घटना घटी। पीएसी के दो सिपाही भाइयों ने अस्पताल में घुसकर एक युवक के सिर में तमंचा सटाकर गोली मार दी। घायल युवक का इलाज चल रहा था, लेकिन मंगलवार दोपहर उसकी मौत हो गई।

मृतक की पहचान अहरौला गांव खैर थाना क्षेत्र निवासी वेदपाल के रूप में हुई है। वह अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के छात्र नेता सोनपाल का सगा भाई था। पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि वेदपाल का मथुरा की एक युवती के साथ पिछले पांच वर्षों से प्रेम संबंध था। युवती का पूरा परिवार पुलिस विभाग से जुड़ा हुआ है। उसके पिता, भाई और चचेरे भाई पुलिस व पीएसी में तैनात हैं।
परिवार इस रिश्ते के खिलाफ था। 3 फरवरी को युवती की शादी राया में तय हुई थी। तब वेदपाल विरोध करने पहुंचा। आरोप है कि युवती के परिजनों ने उसकी पिटाई कर दी, जिससे उसका हाथ टूट गया। इस मामले में वेदपाल को 15 दिन मथुरा जेल में भी रहना पड़ा। जेल से छूटने के बाद वह इलाज के लिए अलीगढ़ के रेनुका अस्पताल में भर्ती हुआ था।
सोमवार रात करीब 9:40 बजे पिंक और काली टी-शर्ट पहने दो हमलावर अस्पताल में घुसे। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिख रहा है कि वे 20 मिनट तक अस्पताल के कमरों की तलाशी लेते रहे। आखिरकार वे पहली मंजिल पर रूम नंबर 105 में पहुंचे, जहां वेदपाल सो रहा था। हमलावरों ने उसके सिर पर तमंचा सटाकर फायरिंग कर दी। गोली की आवाज सुनकर अस्पताल में चीख-पुकार मच गई। हमलावर बाहर निकलते समय भी दहशत फैलाने के लिए फायरिंग करते रहे और अपनी बाइक पर सवार होकर फरार हो गए।
पुलिस जांच में दोनों हमलावर पीएसी के जवान निकले। वे सगे भाई हैं। एक हमलावर युवती का सगा भाई है, जो आगरा में सिपाही के रूप में तैनात है। दूसरा चचेरा भाई पीएसी में कार्यरत है। फुटेज में दिख रही बाइक पर लिखा ‘पुलिस’ देखकर पुलिस ने जांच तेज की। बागपत में तैनात युवती के पिता को तस्वीरें दिखाई गईं, जिन्होंने अपने बेटों की पहचान कर ली। बागपत पुलिस ने युवती के पिता को हिरासत में ले लिया है। दोनों आरोपित सिपाही फिलहाल फरार हैं।
अलीगढ़ के एसएसपी नीरज जादौन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए चार टीमों का गठन कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है।
घटना के समय वेदपाल का भाई सोनपाल एएमयू में छात्र संघ चुनावों की मांग को लेकर मौन व्रत पर बैठा हुआ था। सोनपाल ने आरोप लगाया कि पहले उसके भाई का अपहरण किया गया, फिर हाथ तोड़ा गया और अब उसे जान से मार दिया गया। घटना के बाद एएमयू छात्रों और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है।
पुलिस दोनों फरार सिपाहियों की तलाश में जुट गई है। मामले की जांच जारी है।

