करसड़ा में ‘कचरे का पहाड़’ बना जानलेवा!
जहरीली हवा और दूषित पानी से त्रस्त हुए ग्रामीण
वाराणसी (जनवार्ता) । करसड़ा में कचरे का अंबार अब पर्यावरण और स्थानीय निवासियों के लिए बड़ा संकट बन गया है। यहाँ प्रतिदिन 1000 टन कूड़ा पहुँच रहा है, जबकि प्लांट की निस्तारण क्षमता मात्र 600 टन है। इसके चलते करीब 12 लाख टन कचरा जमा होकर पहाड़ का रूप ले चुका है, जिससे उठने वाली दुर्गंध और मीथेन गैस के कारण ग्रामीणों का जीना दुश्वार हो गया है।

दूषित पानी और जहरीले धुएं से लोग फेफड़े, पेट और किडनी की बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। स्थानीय लोग अब जल्द से जल्द बायो-माइनिंग शुरू करने और इस नरक से मुक्ति दिलाने की मांग कर रहे हैं।

