मंडलायुक्त ने आईआरटीएस प्रशिक्षु अधिकारियों से सुशासन और नवाचार पर दिया जोर
वाराणसी (जनवार्ता) । उत्तर प्रदेश के वाराणसी मंडल के मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने गुरुवार को भारतीय रेल यातायात सेवा (आईआरटीएस) के 2023 और 2024 बैच के 9 प्रशिक्षु अधिकारियों के साथ एक संवादात्मक बैठक की। यह बैठक वाराणसी जंक्शन (कैंट रेलवे स्टेशन) पर आयोजित की गई, जिसमें प्रशासनिक कार्यप्रणाली, सुशासन के मूल सिद्धांतों और जनसेवा के प्रति दायित्वों पर गहन चर्चा हुई।

मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रशासनिक सेवा में पारदर्शिता, जवाबदेही और संवेदनशीलता तीन ऐसे आधारभूत गुण हैं जो किसी भी अधिकारी को सफल बनाते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि अधिकारी अपने कार्यकाल में जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दें और रेलवे सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार के लिए नवाचार अपनाएं।
बैठक के दौरान प्रशिक्षु अधिकारियों ने रेलवे संचालन, यातायात प्रबंधन, सुरक्षा मानकों तथा विभिन्न विभागों के बीच समन्वय की चुनौतियों पर कई प्रश्न उठाए। मंडलायुक्त ने इन सभी सवालों का विस्तार से जवाब देते हुए व्यावहारिक उदाहरणों के साथ मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने रेलवे की सेवाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए तकनीकी नवाचारों, यात्री सुविधाओं में सुधार और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष बल दिया।
इस अवसर पर वाराणसी जंक्शन के डायरेक्टर अर्पित गुप्ता सहित रेलवे और प्रशासनिक विभागों के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। संवाद सत्र के समापन पर मंडलायुक्त ने सभी प्रशिक्षु अधिकारियों को उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं और उन्हें देश की रेल सेवा को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रेरित किया।
यह बैठक प्रशिक्षु अधिकारियों के लिए न केवल ज्ञानवर्धक साबित हुई, बल्कि प्रशासनिक नेतृत्व और जनसेवा की भावना को मजबूत करने वाली भी रही। मंडलायुक्त एस. राजलिंगम, जो 2009 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी हैं, लगातार ऐसे संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से युवा अधिकारियों को प्रोत्साहित करते रहे हैं।

