मालगोदाम में बनेगा नमो बनारस केंद्र
वाराणसी, (जनवार्ता)। काशी में पारंपरिक व्यापार को आधुनिक सुविधाओं से जोड़ने की दिशा में नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। कैंट स्थित मालगोदाम की बेशकीमती जमीन पर ‘नमो बनारस केंद्र’ विकसित किया जाएगा। सोमवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी की अध्यक्षता में हुई कार्यकारिणी बैठक में इस महत्वाकांक्षी परियोजना को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी गई।

करीब 0.82 हेक्टेयर क्षेत्रफल में बनने वाला यह G+6 मल्टीस्टोरी कमर्शियल कॉम्प्लेक्स लगभग 145.36 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होगा। कुल 48,365 वर्ग मीटर में विकसित इस केंद्र में 155 से 655 वर्ग फीट आकार की 844 आधुनिक दुकानें बनाई जाएंगी। इन दुकानों का आवंटन विशेष रूप से बनारसी साड़ी उद्योग और सप्तसागर दवा मंडी के व्यापारियों को किया जाएगा, जिससे स्थानीय व्यापार और अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
परियोजना के लिए नगर निगम ने मिश्रित वित्तीय मॉडल तैयार किया है। इसके तहत लगभग 100 करोड़ रुपये व्यापारियों से जुटाए जाएंगे, जबकि शेष 45.36 करोड़ रुपये राज्य वित्त आयोग से प्राप्त बचत अनुदान से खर्च किए जाएंगे।
स्मार्ट सिटी मिशन के तहत नगर निगम ने दूसरे चरण में शहर के प्रमुख चिकित्सा संस्थानों को फ्री वाई-फाई सुविधा से जोड़ने का निर्णय लिया है। इसके अंतर्गत ट्रॉमा सेंटर, बीएचयू अस्पताल और कैंसर अस्पताल परिसर में मरीजों और तीमारदारों को इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
शहर में यातायात व्यवस्था और सौंदर्यीकरण को बेहतर बनाने के लिए प्रवर्तन दल को और सशक्त किया जाएगा। आउटसोर्सिंग के माध्यम से 19 नए जवानों की भर्ती की जाएगी, जिससे दल की संख्या 21 से बढ़कर 40 हो जाएगी। साथ ही श्रमिकों की संख्या भी 25 से बढ़ाकर 40 की जाएगी और प्रत्येक जोन में कम से कम चार श्रमिकों की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी।
बैठक में नगर निगम के 83 अनुपयोगी वाहनों की नीलामी को मंजूरी दे दी गई। हालांकि सीएसआर फंड से मिले 31 ई-गार्बेज वाहनों की नीलामी फिलहाल रोक दी गई है। अधिकारियों के अनुसार इन वाहनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे निर्णय लिया जाएगा।
सड़कों, गलियों, सीवर और पेयजल पाइपलाइन से जुड़े कार्यों में देरी पर महापौर ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिया कि टेंडर जारी होने के एक सप्ताह के भीतर ठेकेदार से अनुबंध कर कार्य शुरू कराया जाए। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने भी गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न करने के निर्देश दिए।
बैठक में सलारपुर और पहड़िया क्षेत्र में नए विद्युत उपकेंद्रों के निर्माण के लिए भूमि आवंटन को भी मंजूरी दी गई। इससे इन इलाकों में बिजली आपूर्ति व्यवस्था और बेहतर होने की उम्मीद है।
बैठक में उपसभापति नरसिंह दास समेत कार्यकारिणी सदस्य, नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

