महाशिवरात्रि पर अनूठी पहल: 63 मंदिरों के पावन प्रसाद से भगवान विश्वेश्वर का भोग-अर्चन

महाशिवरात्रि पर अनूठी पहल: 63 मंदिरों के पावन प्रसाद से भगवान विश्वेश्वर का भोग-अर्चन

वाराणसी  (जनवार्ता)।महाशिवरात्रि के परम पावन अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास, वाराणसी द्वारा एक अद्वितीय एवं अभिनव आध्यात्मिक पहल का शुभारंभ किया गया। इस पहल के अंतर्गत भगवान श्री विश्वेश्वर महादेव के श्रीचरणों में देश-विदेश के प्रमुख ज्योतिर्लिंगों, सिद्धपीठों, शक्तिपीठों तथा प्राचीन तीर्थस्थलों से पावन प्रसाद, पूजित वस्त्र, पवित्र रज, पावन जल एवं श्रद्धा-उपहार अर्पित किए जाने की परंपरा प्रारंभ की गई है।

rajeshswari

इस आध्यात्मिक समन्वय का उद्देश्य समस्त सनातन समाज को एक सूत्र में पिरोते हुए “वसुधैव कुटुम्बकम्” की भावना को साकार करना तथा वैश्विक आध्यात्मिक एकात्मता को सुदृढ़ बनाना है। यह पहल विभिन्न तीर्थ परंपराओं के मध्य आध्यात्मिक, सांस्कृतिक एवं भावनात्मक एकता को मजबूती प्रदान कर रही है।

इसी क्रम में अब तक श्री काशी विश्वनाथ धाम में भगवान श्री विश्वेश्वर के लिए देश-विदेश के कुल 63 मंदिरों एवं तीर्थस्थलों से पावन भेंट एवं प्रसाद प्राप्त हो चुके हैं। इन पावन प्रसादों में से विधि-विधानपूर्वक अंश ग्रहण कर भगवान श्री विश्वेश्वर की मध्याह्न भोग आरती में अर्पित किया गया। तत्पश्चात यह प्रसाद धाम में पधारे श्रद्धालुओं के मध्य वितरित किया गया, जिससे विभिन्न तीर्थों की पावन भावना काशी धाम में साकार रूप से अनुभव की गई।

यह अभिनव पहल केवल धार्मिक आदान-प्रदान तक सीमित न रहकर सनातन परंपरा की आध्यात्मिक, सांस्कृतिक एवं भावनात्मक एकता का सशक्त प्रतीक बनकर उभर रही है। महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर आरंभ की गई यह परंपरा राष्ट्र एवं विश्व के विविध तीर्थस्थलों को एक आध्यात्मिक सूत्र में संगठित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण, प्रेरणादायी और ऐतिहासिक कदम सिद्ध होगी।

इसे भी पढ़े   जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने वाले चार गिरफ्तार
Shiv murti

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *