बनारस कोर्ट परिसर में एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था हाई अलर्ट पर
वरिष्ठ अधिवक्ता को मिली मौत की धमकी
वाराणसी (जनवार्ता) । बनारस कोर्ट परिसर में एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था हाई अलर्ट पर आ गई है। बार काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य एवं वरिष्ठ अधिवक्ता श्रीनाथ त्रिपाठी के मोबाइल पर बुधवार देर रात करीब 2:23 बजे एक धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ, जिसमें उन्हें और पूरी वाराणसी कचहरी को बम से उड़ाने की खुली धमकी दी गई है। संदेश में स्पष्ट शब्दों में लिखा था- “बनारस कचहरी को हम बम से उड़ा देंगे और तुम्हें भी।”

इस घटना से प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही सिटी मजिस्ट्रेट, एसीपी कैंट और इंस्पेक्टर कैंट तुरंत कचहरी पहुंचे। अधिवक्ता श्रीनाथ त्रिपाठी ने घटना की लिखित शिकायत जिला जज को सौंपी है। पुलिस ने बम निरोधक दस्ता (बॉम्ब डिस्पोजल स्क्वॉड) और डॉग स्क्वॉड को बुलाकर पूरे परिसर की सघन तलाशी ली, लेकिन जांच में कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।
अधिवक्ता श्रीनाथ त्रिपाठी शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से जुड़े विवादित मामले (जिसमें पॉक्सो एक्ट के तहत आरोप शामिल हैं) की पैरवी कर रहे हैं। कई मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार यह धमकी उसी संदर्भ में आई है। श्री त्रिपाठी ने संदेश का स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर साझा करते हुए अपनी और कचहरी की सुरक्षा पर गंभीर चिंता जताई है।
पुलिस और प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। कचहरी परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। सभी अधिवक्ताओं, न्यायिक कर्मचारियों और आमजन को किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है। न्यायिक कार्य सामान्य रूप से जारी है, लेकिन सतर्क निगरानी बढ़ा दी गई है।
प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि शिकायत के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह घटना पिछले कुछ दिनों में कचहरी को मिली चौथी धमकी मानी जा रही है, जिससे न्यायिक परिसर में सुरक्षा को लेकर चिंताएं और गहरा गई हैं।
अधिवक्ता श्रीनाथ त्रिपाठी ने कहा, “ऐसे संदेशों से अधिवक्ताओं और न्यायालय कर्मचारियों में भय का माहौल बन सकता है। न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिशों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।”

