राम मंदिर जाने से पहले कांग्रेस नेताओं को रोका गया, अजय राय बोले- चोरी नहीं रोक सके, दर्शन करने से रोक रहे
अयोध्या (जनवार्ता)। अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी के मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इसी बीच उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के नेतृत्व में रामलला के दर्शन के लिए जा रहे कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को पुलिस ने अयोध्या पहुंचने से पहले ही रोक दिया। कांग्रेस नेताओं ने इसे धार्मिक स्वतंत्रता का हनन बताते हुए प्रदेश सरकार पर गंभीर आरोप लगाए, जबकि भाजपा ने इसे राजनीतिक नौटंकी करार दिया।

अजय राय ने कहा कि वह सांसदों, विधायकों, विधान परिषद के पूर्व सदस्यों और अन्य कांग्रेस नेताओं के साथ केवल रामलला के दर्शन एवं पूजा-अर्चना के लिए अयोध्या जा रहे थे। उनके अनुसार प्रतिनिधिमंडल का उद्देश्य भगवान श्रीराम से प्रार्थना करना था ताकि चढ़ावे की कथित चोरी, चंदा और भूमि से जुड़े आरोपों की सच्चाई सामने आए। उन्होंने दावा किया कि यात्रा का किसी राजनीतिक कार्यक्रम से कोई संबंध नहीं था।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि उन्हें और उनके साथियों को रविवार रात से ही एक होटल में नजरबंद कर दिया गया था। सोमवार को पुलिस उन्हें वहां से आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के अतिथि गृह ले गई, जहां उन्हें रोके रखा गया। उन्होंने कहा कि सरकार कांग्रेस नेताओं को भगवान श्रीराम के दर्शन तक नहीं करने दे रही है।
अजय राय ने भाजपा और आरएसएस पर निशाना साधते हुए राम मंदिर से जुड़े कथित भूमि और चढ़ावा प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और भगवान श्रीराम के नाम पर किसी भी प्रकार की अनियमितता स्वीकार नहीं की जा सकती।
कांग्रेस सांसद किशोरी लाल ने भी सरकार की कार्रवाई की आलोचना करते हुए कहा कि वे केवल रामलला के दर्शन करने आए थे, लेकिन उन्हें रोक दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कथित चोरी रोकने में विफल रही, जबकि श्रद्धालुओं को दर्शन से वंचित किया जा रहा है।
वहीं, भाजपा सांसद भोला सिंह ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस नेताओं की रामलला के दर्शन में नहीं, बल्कि राजनीति में अधिक रुचि है। उन्होंने कहा कि मंदिर निर्माण के बाद कांग्रेस के नेता पहले कभी दर्शन के लिए नहीं आए और अब चढ़ावे के मुद्दे को राजनीतिक लाभ के लिए उठाया जा रहा है।

