गुरु-मार्गदर्शन ही सफलता की कुंजी: डॉ. अशोक सिंह
जीवनदीप में बी.एड. के नवप्रवेशी छात्रों के परिचय समारोह का हुआ आयोजित
वाराणसी। बड़ा लालपुर स्थित जीवनदीप महाविद्यालय के सभागार में शनिवार को शिक्षक दिवस के उपलक्ष्य में शिक्षा विभाग की ओर से नवप्रवेशी छात्रों के लिए परिचय समारोह का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बी.एड. के नए विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों के समक्ष अपना परिचय दिया और पूर्व शैक्षणिक सत्रों के अपने अनुभव साझा किए।


समारोह का शुभारंभ माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। तत्पश्चात शिक्षा विभागाध्यक्ष डॉ. जिनेंद्र कुमार सिंह ने मुख्य अतिथि सहित अन्य अतिथियों को पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिह्न भेंटकर उनका अभिनंदन किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. जगदीश सिंह दीक्षित ने भावी शिक्षकों का मार्गदर्शन करते हुए अपने विचार व अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा, “एक शिक्षक में अनुशासन, दूरदर्शिता और विद्यार्थियों की भावनाओं को समझने की क्षमता होना अनिवार्य है। इन गुणों को आत्मसात करने वाले छात्र ही आगे चलकर गुणवत्तापूर्ण और आदर्श शिक्षक बनते हैं।” संस्थान के चेयरमैन डॉ. अशोक कुमार सिंह ने नवप्रवेशी छात्रों को संबोधित करते हुए कहा, “जीवन की तमाम कठिनाइयों को पार कर सफलता की बुलंदियों को वही छूते हैं, जो अपने गुरुओं द्वारा दिखाए गए मार्ग पर निष्ठापूर्वक चलते हैं।” इस अवसर पर चेयरमैन डॉ. अशोक कुमार सिंह एवं वाइस चेयरमैन डॉ. अंशु सिंह ने शिक्षक दिवस के पावन अवसर पर महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापकों को सम्मानित किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन बी.एड. की प्रवक्ता अलका सिंह ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. इंद्रेश चंद्र सिंह द्वारा प्रस्तुत किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के रजिस्ट्रार नंदलाल यादव, उप-प्राचार्य डॉ. अमित कुमार सिंह, डॉ. नंदा द्विवेदी, डॉ. वीणा पांडेय, डॉ. जहाँआरा, डॉ. कल्पना चतुर्वेदी, डॉ. पायल, पप्पू कुमार, विमल त्रिपाठी, उमेश चंद्र जायसवाल, प्रार्थना सिंह सहित समस्त विभागों के विभागाध्यक्ष, प्राध्यापक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

