विश्वकर्मा पूजा पर सेवा, समर्पण और राष्ट्रनिर्माण का लें संकल्प : हंसराज विश्वकर्मा
वाराणसी। कंचनपुर स्थित राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा के आवास पर रविवार को विश्वकर्मा समाज की आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक में आगामी 17 सितंबर को भगवान विश्वकर्मा पूजा एवं प्रधानमंत्री तथा वाराणसी के सांसद नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस को सेवा, समर्पण और सामाजिक सरोकार के रूप में मनाने को लेकर चर्चा की गई। राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा ने कहा कि 17 सितंबर विश्वकर्मा वंशियों के लिए अत्यंत पावन दिन है। इस दिन भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिवस भी है। उन्होंने समाज के लोगों से आह्वान किया कि इस अवसर पर अस्पतालों, अनाथालयों, वृद्धाश्रमों और जरूरतमंदों के बीच सेवा कार्य कर इसे जनकल्याण के पर्व के रूप में मनाएं। उन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा केवल निर्माण और शिल्प के देवता नहीं, बल्कि सृजन, श्रम, कौशल और कर्म के प्रतीक हैं। उनका संदेश पूरी मानवता के लिए है, जिसमें श्रम के सम्मान और कौशल को बढ़ावा देने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना की। विश्वकर्मा सभा चौकाघाट के कार्यवाहक अध्यक्ष सोमनाथ विश्वकर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में विश्वकर्मा समाज तथा पारंपरिक कारीगरों के उत्थान के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना ने कारीगरों और शिल्पकारों को नई पहचान देने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के जन्मदिवस को सेवा कार्यों के माध्यम से मनाना ही सच्ची पूजा होगी। बैठक में श्री विश्वकर्मा सभा के मंत्री अनिल शर्मा, डॉ. रामचंद्र शर्मा, कोषाध्यक्ष राजकुमार विश्वकर्मा, प्राचार्य भारत विश्वकर्मा, उमेश विश्वकर्मा, श्यामसुंदर विश्वकर्मा, हीरालाल विश्वकर्मा, विनोद विश्वकर्मा, गोपाल विश्वकर्मा, श्याम जी जांगड़ा, अनिल विश्वकर्मा, अभय विश्वकर्मा, घनश्याम विश्वकर्मा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।


