सोनभद्र में महिला अधिवक्ता से मारपीट, सपा ने की कड़ी निंदा, दोषियों पर कार्रवाई की मांग
सोनभद्र (जनवार्ता)! प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। लोढ़ी टोल प्लाजा पर महिला अधिवक्ता के साथ अभद्रता और मारपीट की घटना के बाद समाजवादी पार्टी ने इसे सत्ता संरक्षण में बढ़ती गुंडई का उदाहरण बताते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी है।

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक अविनाश कुशवाहा ने जारी बयान में कहा कि भाजपा के सत्ता में आने के बाद से किसानों, बेरोजगारों और अब अधिवक्ताओं तक पर पुलिसिया दमन और सत्ता समर्थित उत्पीड़न लगातार बढ़ा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सनातन धर्म और राम के नाम पर सत्ता में आई भाजपा सरकार में हालात ऐसे हो गए हैं कि आदिगुरु शंकराचार्य तक को पुलिस लाठियों का सामना करना पड़ा और संगम स्नान से रोका गया। कुशवाहा ने कहा कि इसी मानसिकता के तहत प्रदेश के टोल प्लाजा पर वसूली के लिए नियुक्त ठेकेदार सत्ता के संरक्षण में अधिवक्ताओं को आए दिन अपमानित और प्रताड़ित कर रहे हैं। कानून की रक्षा और पीड़ितों को न्याय दिलाने वाले अधिवक्ताओं के साथ सरेआम मारपीट किसी भी स्थिति में क्षम्य नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं के संदेश पर टोल फ्री हो जाता है, जबकि दिन-रात कठिन परिस्थितियों में काम करने वाले अधिवक्ताओं को निशाना बनाया जा रहा है। समाजवादी पार्टी ने घटना की घोर निंदा करते हुए दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की है।

