चंदौली : महिला कांस्टेबल से छेड़खानी का आरोपी सिपाही निलंबित
चंदौली (जनवार्ता) । सदर कोतवाली में एक महिला कांस्टेबल के साथ छेड़खानी का मामला सामने आने से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। महिला कांस्टेबल ने अपने ही साथी सिपाही अमित कुमार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। घटना के बाद पुलिस अधीक्षक ने तुरंत सख्त एक्शन लेते हुए आरोपी सिपाही को निलंबित कर दिया और उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।

मामले की जानकारी के मुताबिक महिला कांस्टेबल रात के समय सदर कोतवाली में मिशन शक्ति हेल्प डेस्क या सीसीटीएनएस कक्ष पर ड्यूटी पर तैनात थीं। रिपोर्ट्स के अनुसार वह अपने बच्चे को दूध पिला रही थीं, तभी आरोपी सिपाही अमित कुमार वहां पहुंचा और बदतमीजी की। उसने चादर खींचने जैसी हरकत की। महिला के विरोध और शोर मचाने पर आरोपी मौके से फरार हो गया। बाद में सीसीटीवी फुटेज की जांच से आरोपी की पहचान हुई, जो पुलिस लाइन में क्वार्टर गार्ड के पद पर तैनात था।
महिला ने पहले थाना स्तर पर शिकायत की, लेकिन शुरुआत में मामले को दबाने की कोशिश हुई। अंत में पीड़िता एसपी कार्यालय पहुंची और सीधे एसपी को शिकायत दर्ज कराई। एसपी ने महिला की बात सुनते ही तुरंत निर्देश दिए। देर शाम सदर कोतवाली में आरोपी सिपाही अमित कुमार के खिलाफ अपराध संख्या 0112/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 74 (महिला की गरिमा भंग करने वाला अपराध) के अंतर्गत एफआईआर दर्ज की गई। साथ ही आरोपी को तत्काल निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।
एसपी ने साफ कहा है कि पुलिस विभाग में महिला कर्मियों का सम्मान और सुरक्षा सबसे ऊपर है। इस तरह की किसी भी हरकत को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मामले की निष्पक्ष जांच के लिए उच्च स्तरीय टीम गठित की गई है और दोष सिद्ध होने पर कड़ी कानूनी तथा विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना पुलिस थानों के अंदर महिला पुलिसकर्मियों की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करती है। विभाग के भीतर ही ऐसी घटनाएं महिला कर्मियों के मनोबल को तोड़ती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि थानों में महिला कांस्टेबलों के लिए अलग व्यवस्था, मजबूत सीसीटीवी निगरानी और नियमित संवेदनशीलता प्रशिक्षण की सख्त जरूरत है।
चंदौली पुलिस ने इस मामले में तेज और निर्णायक कार्रवाई करके विभाग की संवेदनशीलता दिखाई है, लेकिन यह घटना यह भी साबित करती है कि कानून का पालन सबसे पहले पुलिसकर्मियों को खुद करना होगा।

