बनारस गंगा घाटों पर लॉक डाउन जैसी स्थिति, आखिर क्यों है वाराणसी का ऐसा हाल

बनारस गंगा घाटों पर लॉक डाउन जैसी स्थिति, आखिर क्यों है वाराणसी का ऐसा हाल

वाराणसी | वाराणसी के 84 घाटों के अलावा गंगा की लहरों में भी इस धूप के वक्त लोग नौकायन से बच रहे हैं। दिन में 11 बजे से शाम 4 बजे तक गंगा की गोद में भी कोई नावें नहीं देखने को मिल रही है।

rajeshswari

यूपी में वाराणसी के गंगा घाट आम तौर पर हमेशा पर्यटकों से गुलजार रहते हैं लेकिन इन दिनों प्रसिद्ध घाटों पर कर्फ्यू जैसे हालात देखने को मिल रहे हैं।

सुबह 9 बजे से शाम 4 तक घाटों पर सन्नाटा पसरा रह रहा है। पर्यटक तो दूर घाटों पर पूजा कराने वाले पुरोहित और गंगा में नाव चलाने वाले नाविक भी यहां मुश्किल से ही नजर आ रहे है।

घाट पर सन्नाटे की ये वजह भगवान भास्कर की प्रचंड तपिश है। जिससे इन दिनों काशी में हर कोई हैरान और परेशान दिख रहा है।

दरसअल वाराणसी में अप्रैल के महीने में पारा 44 डिग्री तक जा पहुंचा है। प्रचंड गर्मी के कारण रात में भी लोग तपिश से बेहाल है। इस भयंकर गर्मी ने लोगों को डरा दिया है। सिर्फ घाट ही नहीं बल्कि सड़कों पर भी आवाजाही आम दिनों से कम ही दिख रही है।

घाटों से गंगा की गोद तक सन्नाटा

वाराणसी के 84 घाटों के अलावा गंगा की लहरों में भी इस धूप के वक्त लोग नौकायन से बच रहे है। दिन में 11 बजे से शाम 4 बजे तक गंगा की गोद में भी कोई नावें नहीं देखने को मिल रही है। मौसम विभाग का भी अनुमान है कि अप्रैल के महीने में गर्मी लोगों को और सताएगी।

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ऐसा ही रहेगा मौसम

बीएचयू के मौसम वैज्ञानिक मनोज कुमार श्रीवास्ताव ने बताया कि अभी दो से तीन दिनों तक मौसम का हाल ऐसा ही रहेगा। चिलचिलाती धूप लोगों को खूब परेशान करेगी। उसके बाद हल्की बारिश हो सकती है।

उन्होंने बताया कि धूप और लू में निकलने से पहले लोगों को अपने सिर, नाक और मुंह को अच्छे से ढककर ही बाहर निकलना चाहिए।

Shiv murti

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