कोडीनयुक्त कफ सीरप तस्करी मामले में सरगना के पिता की 59 करोड़ से अधिक की संपत्ति जब्त
वाराणसी (जनवार्ता)। कोडीनयुक्त कफ सीरप की अवैध तस्करी के मुख्य सरगना शुभम जायसवाल के पिता भोला प्रसाद जायसवाल (भोला जायसवाल) की करोड़ों की संपत्ति जब्त और कुर्क की गई है। यह कार्रवाई संगठित अपराध और मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ पुलिस की सख्त नीति का हिस्सा है।

शनिवार को अदालत के आदेश पर वाराणसी पुलिस ने भोला प्रसाद की 30.56 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त कर ली। इसमें एक मकान, सात जमीन के प्लॉट और तीन बैंक खाते शामिल हैं, जो पिंडरा, कोलसला और शहर के विभिन्न इलाकों में स्थित हैं। इससे ठीक एक दिन पहले शुक्रवार 23 जनवरी को सोनभद्र पुलिस की एसआईटी ने वाराणसी में ही भोला प्रसाद की 28.50 करोड़ रुपये की तीन संपत्तियां कुर्क की थीं। इनमें लग्जरी कार (मर्सिडीज बेंज), बैंक खातों में जमा राशि और अन्य चल-अचल संपत्तियां शामिल हैं। इस तरह पिछले दो दिनों में कुल 59 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त और कुर्क हो चुकी है।
पुलिस जांच के अनुसार ये सभी संपत्तियां पिछले छह वर्षों में कोडीन युक्त कफ सीरप की तस्करी से अर्जित काले धन से खरीदी गई हैं। मामले की शुरुआत 19 नवंबर 2025 को रोहनिया के एक गोदाम से 500 पेटी अवैध कफ सीरप बरामद होने से हुई थी। जांच में भोला प्रसाद, शुभम जायसवाल समेत कुल नौ लोगों की संलिप्तता सामने आई। केस को एनडीपीएस एक्ट के तहत संगठित अपराध और अवैध संपत्ति अर्जन के एंगल से आगे बढ़ाया गया है।
मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल फिलहाल दुबई में फरार है, जहां वह परिवार और कुछ साथियों के साथ छिपा हुआ है। उसके खिलाफ वाराणसी पुलिस ने 50 हजार रुपये और सोनभद्र पुलिस ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। इसके अलावा रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी हो चुका है। अदालत ने भोला प्रसाद को एक माह के भीतर पेश होकर जब्त संपत्तियों पर अपना पक्ष रखने का आदेश दिया है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो आगे और कुर्की की कार्रवाई होगी।

