रॉबर्ट्सगंज में अंबेडकर भूमि अतिक्रमण के खिलाफ आवाज उठाने पर सीपीआईएम नेता पर पुलिस की कार्रवाई, एसडीएम से मिलकर नोटिस वापसी की मांग
सोनभद्र (जनवार्ता)! भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) [सीपीआईएम] ने रॉबर्ट्सगंज थानाध्यक्ष पर राजनीतिक दलों की आवाज दबाने की साजिश का आरोप लगाते हुए उप जिलाधिकारी से हस्तक्षेप की मांग की है। पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के नाम पर सुरक्षित ग्राम तीरनाहीं की भूमि पर अवैध अतिक्रमण के विरुद्ध शांतिपूर्ण विरोध करने पर जिला मंत्री परिषद सदस्य एवं किसान नेता कामरेड प्रेमनाथ के खिलाफ धारा 126 और 135 भारतीया न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत निषेधात्मक कार्रवाई की गई है।


सीपीआईएम जिला मंत्री कामरेड नंदलाल आर्य के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने आज उप जिलाधिकारी रॉबर्ट्सगंज सदर से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि ग्राम पंचायत पकरी के मौजा तीरनाहीं में अ.न.40, रकबा 0.0126 हेक्टेयर की यह भूमि प्रत्येक वर्ष अंबेडकर जयंती के आयोजन के लिए उपयोग होती है। यहां पश्चिम में पक्की सड़क और पूर्व में सार्वजनिक चक मार्ग है। एक प्रॉपर्टी डीलर ने आसपास भूमि खरीदकर प्लॉटिंग की और कीमत बढ़ाने के इरादे से राजस्व कर्मचारियों की मिलीभगत से अंबेडकर स्थल पर अवैध रूप से मिट्टी डलवाकर 12 फीट चौड़ी सड़क बनवानी शुरू की, जबकि उसके प्लॉट तक अन्य मार्ग उपलब्ध हैं।
पार्टी ने इस अतिक्रमण के खिलाफ उच्च अधिकारियों को सूचित करने हेतु शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठाई, जिसे संवैधानिक कर्तव्य बताया। लेकिन थानाध्यक्ष रॉबर्ट्सगंज ने मदद करने के बजाय कामरेड प्रेमनाथ (जो उम्रदराज हैं) पर सार्वजनिक शांति भंग के संभावित खतरे का बहाना बनाकर बीएनएस की धारा 126 (गैरकानूनी रोक) और 135 (संबंधित प्रावधान) के तहत कारण बताओ नोटिस थमा दिया।
प्रतिनिधिमंडल ने इसे राजनीतिक दलों के खिलाफ प्रशासनिक उत्पीड़न करार दिया और कहा कि यदि नोटिस वापस नहीं लिया गया तथा दोषी थानाध्यक्ष के खिलाफ जांच कर कार्रवाई नहीं हुई, तो पार्टी पुलिस अधीक्षक व जिलाधिकारी से मिलकर बड़े आंदोलन को बाध्य होगी।
उप जिलाधिकारी ने क्षेत्रीय लेखपाल और थानाध्यक्ष से रिपोर्ट तलब की है तथा न्याय करने का भरोसा दिया है।
प्रतिनिधिमंडल में कामरेड प्रेमनाथ, पुरुषोत्तम लल्लन, राम जिलाकमेंटी सदस्य, भरत लाल (घोरावल ब्रांच मंत्री), डॉ. ईश्वर दयाल आदि शामिल रहे।

