प्रयागराज जंक्शन पर फर्जी RPF दरोगा गिरफ्तार, तीन महीने से कर रहा था चेकिंग
प्रयागराज (जनवार्ता)। प्रयागराज जंक्शन पर रेलवे पुलिस ने एक फर्जी दरोगा को गिरफ्तार किया है, जो पिछले करीब तीन महीनों से स्टेशन पर वर्दी पहनकर घूम रहा था और खुद को आरपीएफ का अधिकारी बताकर यात्रियों पर रौब झाड़ रहा था। आरोपी बिना टिकट यात्रा करने वालों को डराकर उनसे वसूली भी करता था।
Government Railway Police (जीआरपी) के अनुसार रविवार को प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर गश्त के दौरान टीम को एक व्यक्ति संदिग्ध हालत में पुलिस वर्दी में घूमता दिखाई दिया। पूछताछ करने पर वह घबरा गया और थोड़ी ही देर में उसने खुद को फर्जी दरोगा बताते हुए पूरी सच्चाई कबूल कर ली।
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम दिव्यांशु कुमार बताया। वह गाजीपुर जिले के थाना बरेसर क्षेत्र के रेंगा गांव का रहने वाला है और पुलिस भर्ती परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। उसने बताया कि परिवार की ओर से लगातार नौकरी का दबाव बनाया जा रहा था। इसी दबाव में उसने घरवालों से झूठ बोल दिया कि उसकी रेलवे पुलिस में दरोगा के पद पर नौकरी लग गई है।
परिवार को विश्वास दिलाने के लिए दिव्यांशु ने बाजार से पुलिस वर्दी से जुड़े सामान—स्टार, बैच, मोनोग्राम, नीली डोरी और लाल जूते—खरीद लिए और उसी वर्दी में प्रयागराज जंक्शन पर घूमने लगा। वह तीन महीने से स्टेशन पर चेकिंग करने का नाटक कर रहा था और बिना टिकट यात्रियों को धमकाकर उनसे पैसे भी वसूलता था।
आरोपी ने यह भी बताया कि माघ मेले के दौरान वह अपनी पत्नी, पिता और मां को प्रयागराज लाया था और वर्दी का रौब दिखाकर उन्हें संगम में ‘सरकारी रसूख’ के साथ स्नान भी कराया, जिससे परिवार को पूरा विश्वास हो गया कि वह वास्तव में रेलवे पुलिस का अधिकारी है।
रेलवे क्षेत्राधिकारी अरुण कुमार पाठक ने बताया कि आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है। उसके पास से आरपीएफ की वर्दी, 650 रुपये नकद, आधार कार्ड और एटीएम कार्ड बरामद किए गए हैं।


