लखनऊ गुरुकुल में छात्र की हत्या: शरीर पर 43 चोटें, 11 जगह सिगरेट से दागने के निशान
लखनऊ (जनवार्ता) । उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थित एक गुरुकुल में पढ़ने वाले 11 वर्षीय छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बच्चे के शरीर पर 43 चोटों के निशान और 11 स्थानों पर सिगरेट से दागे जाने के सबूत मिले हैं, जिससे बर्बरता की भयावह तस्वीर सामने आई है।
मूल रूप से कानपुर के महाराजपुर थाना क्षेत्र के गौरिया गांव निवासी बच्चे को उसके परिजनों ने वेद पाठ की शिक्षा के लिए लखनऊ के आलमनगर स्थित रामानुज भागवत वेद विद्यापीठ गुरुकुल में दाखिला दिलाया था। 15 अप्रैल को बहन उसे गुरुकुल छोड़कर लौटी थी।
परिजनों के अनुसार, बुधवार तड़के उन्हें सूचना मिली कि बच्चा गिरकर घायल हो गया है। इसके कुछ ही घंटों बाद गुरुकुल के संचालक कन्हैया लाल मिश्रा एक कार से बच्चे का शव घर के बाहर छोड़कर चले गए। बच्चे की हालत देख परिजनों के होश उड़ गए। तत्काल उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
देर रात बिल्हौर सीएचसी में डॉक्टरों के पैनल द्वारा किए गए पोस्टमार्टम में चौंकाने वाले खुलासे हुए। रिपोर्ट के अनुसार, बच्चे को डंडे और किसी भारी वस्तु से बुरी तरह पीटा गया था। उसके शरीर के लगभग हर हिस्से पर चोट के निशान थे। पीठ, हाथ, पैर और सीने सहित 11 जगह सिगरेट से जलाने के घाव पाए गए। डॉक्टरों ने अंदरूनी चोटों को मौत का कारण बताया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने गुरुकुल संचालक समेत दो लोगों को हिरासत में लिया है और पूछताछ जारी है। वहीं, कुकर्म की आशंका के मद्देनज़र नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं।
घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और परिजन दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।


