खाद्यान्न घोटाले में तीन कोटेदारों को ईओडब्लू ने किया गिरफ्तार
वाराणसी (जनवार्ता)। आर्थिक अपराध अनुसंधान संगठन (ईओडब्ल्यू) वाराणसी ने वर्ष 2004-05 के बहुचर्चित खाद्यान्न घोटाले में संलिप्त तीन कोटेदारों को गिरफ्तार कर भ्रष्टाचार निवारण न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

जानकारी के अनुसार जनपद जौनपुर के विकास खंड मछलीशहर में वर्ष 2004-05 के दौरान केंद्र एवं राज्य सरकार की सम्पूर्ण ग्रामीण रोजगार योजना के तहत विभिन्न विकास कार्य कराए जाने थे। योजना के अंतर्गत कार्यरत मजदूरों को मजदूरी के बदले खाद्यान्न (चावल) वितरित किया जाना था, लेकिन आरोप है कि तत्कालीन जिम्मेदार अधिकारियों, कार्य प्रभारियों और कोटेदारों ने मिलीभगत कर खाद्यान्न का वितरण नहीं किया और सरकारी धन का गबन कर लिया।
इस मामले में वर्ष 2019 में थाना ईओडब्ल्यू वाराणसी में मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच के क्रम में ईओडब्ल्यू टीम ने सरपतहां क्षेत्र के हमजापुर निवासी मोहम्मद अहमद, शाहगंज निवासी लालबहादुर मौर्य तथा ग्राम जमालपुर, थाना मछलीशहर निवासी गयादीन यादव को गिरफ्तार किया। गयादीन यादव पर लगभग 1.32 लाख रुपये के गबन का आरोप है।
ईओडब्ल्यू के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्तों ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर कूटरचित अभिलेख तैयार किए और धोखाधड़ी कर सरकारी धन का गबन किया। मामले में अब तक करीब 6.29 लाख रुपये के गबन की पुष्टि हुई है।
पुलिस अधीक्षक ईओडब्ल्यू वाराणसी प्रदीप कुमार के निर्देशन में हुई कार्रवाई में निरीक्षक रविंद्र प्रताप यादव, करुणेश सिंह, जय प्रकाश मिश्रा, सहजानंद श्रीवास्तव तथा मुख्य आरक्षी प्रिंस तिवारी सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। ईओडब्ल्यू द्वारा मामले की आगे की जांच जारी है।

