वैष्णो देवी में चढ़ाई गई चांदी की शुद्धता पर सवाल, अदालत ने जांच अधिकारी को किया तलब
जम्मू (जनवार्ता)। श्री माता वैष्णो देवी भवन में श्रद्धालुओं द्वारा वर्षों से चढ़ाई गई चांदी की शुद्धता को लेकर उठे विवाद पर जम्मू की अदालत ने सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने मामले की जांच कर रहे अधिकारी को समस्त अभिलेखों के साथ व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया है।

मामला उस शिकायत से जुड़ा है, जिसमें दावा किया गया है कि मंदिर में चढ़ाई गई 20 टन से अधिक चांदी को गलाने के दौरान उसमें वास्तविक चांदी की मात्रा अपेक्षा से बेहद कम पाई गई। शिकायत में आशंका जताई गई है कि चांदी में मिलावट की गई या फिर किसी स्तर पर उसकी अदला-बदली अथवा हेरफेर हुआ हो सकता है।
इस संबंध में जम्मू के अधिवक्ता दीपक शर्मा ने पुलिस महानिरीक्षक (क्राइम ब्रांच) और आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) से शिकायत कर एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष जांच की मांग की थी। उनका कहना है कि मामले की समयबद्ध जांच जरूरी है, ताकि संभावित साक्ष्यों से कोई छेड़छाड़ न हो सके।
बताया जा रहा है कि विवादित चांदी का अनुमानित वजन 20 टन से अधिक तथा मूल्य करीब 550 करोड़ रुपये आंका गया है। हालांकि शिकायत में किए गए दावों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले की वास्तविक स्थिति जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

