बिहार के वैशाली में गंगा नदी में नाव पलटी, 13 लोगों की मौत
मृतकों में ज्यादातर बच्चे, परिजनों को चार-चार लाख की सहायता
वैशाली। बिहार के वैशाली जिले के राघोपुर दियारा क्षेत्र में मंगलवार रात गंगा नदी में यात्रियों से भरी नाव पलटने से बड़ा हादसा हो गया। नाव पर करीब 20 युवक और बच्चे सवार थे। हादसे के बाद 13 शव बरामद किए जाने की सूचना है। मृतकों में ज्यादातर नाबालिग बच्चे बताए जा रहे हैं। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। प्रशासन और आपदा राहत दलों ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान चलाया।


प्राप्त जानकारी के अनुसार, नाव पर सवार लोग रामपुर श्यामचंद क्षेत्र से भगतान टोला में सिंहेश्वर राय के घर आयोजित भोज में शामिल होने जा रहे थे। इसी दौरान मंगलवार रात करीब 8:30 बजे गंगा नदी के बीच में नाव का संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई। कुछ लोग तैरकर सुरक्षित बाहर निकल आए, जबकि कई लोग नदी में डूब गए।

हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग बचाव कार्य में जुट गए। नदी से निकाले गए लोगों को राघोपुर फतेहपुर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे। राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की टीम ने स्थानीय गोताखोरों के साथ लापता लोगों की तलाश शुरू की। बचाव अभियान में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीम के शामिल होने की भी जानकारी सामने आई।
मुख्यमंत्री ने चार-चार लाख रुपये की सहायता घोषित की
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने नाव हादसे में बच्चों की मौत पर गहरा दुख जताया। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए प्रत्येक मृतक के परिजन को चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने प्रशासन को राहत एवं बचाव कार्य तेज करने और घायलों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
तेजस्वी यादव ने जताया दुख
राघोपुर के विधायक तेजस्वी यादव ने भी हादसे पर दुख जताया। उन्होंने जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग के अधिकारियों से बात कर बचाव अभियान तेज करने तथा एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की अतिरिक्त टीमें भेजने की मांग की। उन्होंने प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की अपील की। बिहार कांग्रेस ने भी घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई।
नाव पलटने के कारणों का तत्काल पता नहीं चल सका है। रात का अंधेरा और नदी में पानी की गहराई बचाव अभियान में बाधा बन रही थी। प्रशासन की ओर से मृतकों की पहचान और हादसे से जुड़ी अन्य जानकारियां जुटाई जा रही हैं।

