कैशलेस कार्ड का प्रतीकात्मक दहन कर शिक्षकों ने जताया विरोध
जौनपुर (जनवार्ता)। मड़ियाहूं पीजी कॉलेज में शुक्रवार को अनुदानित महाविद्यालय स्ववित्तपोषित शिक्षक संघ के शिक्षकों ने मुख्यमंत्री कैशलेस चिकित्सा कार्ड योजना का प्रतीकात्मक दहन कर सरकार के प्रति विरोध जताया। शिक्षकों ने न्यूनतम वेतनमान, नियमितीकरण और सेवा सुरक्षा की मांग उठाई।

शिक्षकों ने कहा कि वे वर्षों से अल्प वेतन पर शिक्षण कार्य कर रहे हैं और उनकी आर्थिक स्थिति बेहद दयनीय है। ऐसे में केवल कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने से उनकी मूलभूत समस्याओं का समाधान नहीं होगा। उन्होंने कहा, “जब रोटी नहीं मिलेगी तो कैशलेस कार्ड किस काम का?”
शिक्षकों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने न्यूनतम वेतनमान, नियमितीकरण और सेवा सुरक्षा जैसी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो वे मुख्यमंत्री कैशलेस चिकित्सा कार्ड सरकार को वापस कर देंगे।
संघ के अध्यक्ष डॉ. सुशील कुमार मिश्रा ने कहा कि पांच सितंबर शिक्षक दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री कैशलेस चिकित्सा कार्ड वापस करने की घोषणा की गई थी। उसी क्रम में 12 सितंबर को कार्ड का प्रतीकात्मक दहन कर विरोध दर्ज कराया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार को वर्षों से शिक्षण कार्य में योगदान दे रहे स्ववित्तपोषित शिक्षकों की आर्थिक और सेवा संबंधी समस्याओं का स्थायी समाधान करना चाहिए।

