मिर्जापुर में मॉर्निंग वॉक पर निकले वरिष्ठ अधिवक्ता की गोली मारकर हत्या
बाइक सवार दो बदमाशों ने घर से कुछ दूरी पर सीने में सटाकर मारी गोली, वारदात CCTV में कैद; चुनावी रंजिश की आशंका
मिर्जापुर (जनवार्ता)। जिले के कटरा कोतवाली क्षेत्र में शनिवार सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले वरिष्ठ अधिवक्ता राजीव सिंह (45) की बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी। घटना सुबह करीब 7:15 बजे जिला मुख्यालय से लगभग दो किलोमीटर दूर कतवारु का पुरा मोहल्ले में हुई। पूरी वारदात आसपास लगे CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हो गई है।


पुलिस के अनुसार, राजीव सिंह घर से रोज की तरह मॉर्निंग वॉक के लिए निकले थे। घर से कुछ ही दूरी पर बाइक से पहुंचे दो हमलावरों ने उन्हें रास्ते में रोका। पीछे बैठे आरोपी ने उतरकर तमंचा सीने से सटाया और गोली मार दी। गोली लगते ही वह सड़क पर गिर पड़े। आसपास के लोग उन्हें तत्काल अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
CCTV फुटेज में दिख रहा है कि वारदात के बाद बदमाश भागने लगे, लेकिन उनकी बाइक स्टार्ट नहीं हुई। बाइक चला रहे आरोपी ने कई बार किक मारी, मगर सफलता नहीं मिली। इस दौरान स्थानीय लोग उन्हें पकड़ने के लिए दौड़े, लेकिन बदमाशों ने तमंचा तानकर उन्हें पीछे हटने पर मजबूर कर दिया। कुछ देर बाद बाइक स्टार्ट होते ही दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए।
मृतक राजीव सिंह मूल रूप से विंध्याचल थाना क्षेत्र के देवरी गांव के निवासी थे। वर्ष 2011 में उन्होंने कटरा क्षेत्र में जमीन खरीदकर मकान बनवाया था और बच्चों की पढ़ाई के कारण परिवार के साथ वहीं रह रहे थे। उनकी पत्नी प्रतिभा सिंह ग्राम प्रधान हैं। परिवार में दो बेटे ओम (18) और सार्थक (12) हैं।
एसपी अपर्णा रजत ने बताया कि मुख्य आरोपी की पहचान राजेंद्र सोनकर के रूप में हुई है, जो मृतक के गांव देवरी का ही रहने वाला है। वह भी प्रधानी का चुनाव लड़ चुका है। प्रारंभिक जांच में राजीव सिंह की पत्नी से चुनावी रंजिश की बात सामने आई है। दूसरे आरोपी की पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि आरोपी राजेंद्र सोनकर मृतक के घर के पास किराए पर रहता था और उसे राजीव सिंह के मॉर्निंग वॉक के समय की पूरी जानकारी थी। आशंका है कि रेकी कर सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया गया।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, करीब सात महीने पहले भी राजेंद्र सोनकर ने राजीव सिंह को बीच रास्ते रोककर तमंचा ताना था और मारपीट की थी। उस समय कटरा कोतवाली में शिकायत भी दी गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। अब इस पुराने विवाद को भी पुलिस जांच में शामिल किया गया है।

