राजातालाब तहसील में मुसहर समुदाय ने घरौनी और भूमि आवंटन की मांग को लेकर सौंपा ज्ञापन
वाराणसी (जनवार्ता)। राजातालाब तहसील में सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान विमुक्त, घुमंतु एवं अर्धघुमंतु मुसहर समुदाय के करीब 70 लोगों ने घरौनी प्रमाण पत्र एवं भूमि आवंटन की मांग को लेकर जोरदार आवाज उठाई।

जोगापुर, खालिसपुर, शिवरामपुर और अमिनी गांवों से पहुंचे समुदाय के सदस्यों ने तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर अपनी पुरानी मांग दोहराई कि भूमिहीन परिवारों को शीघ्र आवासीय पट्टा और घरौनी दिलाई जाए।
तहसीलदार ने समुदाय के लोगों से विस्तार से बातचीत की और आश्वासन दिया कि उनकी मांगों को गंभीरता से लिया जाएगा। उन्होंने कहा, “यदि संबंधित अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचते तो मैं खुद क्षेत्र का दौरा कर भूमि की जांच कराऊंगा और पात्र परिवारों को घरौनी दिलाने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करूंगा।”
इसके बाद समुदाय के लोगों ने उपजिलाधिकारी राजातालाब को भी अलग-अलग आवेदन पत्र सौंपे और समस्याओं के त्वरित समाधान की अपील की।
इस मौके पर मुसहर समुदाय की महिलाएं खासतौर पर सक्रिय रहीं। सुमन, लक्ष्मीना, सीता, प्रेमा, धर्मानी, कलावती, आशा, गुड्डी, उर्मिला, निर्मला, पूनम, काजल समेत कई महिलाओं ने अपनी मांगों को पुरजोर तरीके से रखा।
नट समुदाय संघर्ष समिति के कार्यकर्ता सौरभ, राहुल, ज्योति, करण मुसहर, नेहा और कपिल ने भी पूरे कार्यक्रम में समुदाय का साथ दिया और आवेदन प्रक्रिया में सहयोग किया।
नट समुदाय संघर्ष समिति, बेलवा पिंडरा के संयोजक प्रेम नट ने कहा, “सरकार इन विमुक्त और घुमंतु समुदायों की मांग को गंभीरता से ले। भूमिहीन परिवारों को घरौनी और भूमि आवंटन कर उनके जीवन को स्थायित्व प्रदान किया जाए।”
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब वाराणसी के विभिन्न तहसीलों में मुसहर व नट समुदाय लगातार घरौनी और आवासीय पट्टे की मांग को लेकर ज्ञापन सौंप रहे हैं। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पात्र परिवारों की समस्याओं का यथाशीघ्र निस्तारण किया जाएगा।

