हरहुआ ब्लॉक में तीन ग्राम पंचायतों का टीबी मुक्त सत्यापन सफल
वाराणसी (जनवार्ता) : राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम (एनटीईपी) के तहत हरहुआ ब्लॉक की तीन ग्राम पंचायतें—पश्चिमपुर, चमाव और काजीसराय—को टीबी मुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। शुक्रवार को राज्य स्तरीय एवं ब्लॉक स्तरीय टीम द्वारा इन ग्राम पंचायतों का भौतिक सत्यापन किया गया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश प्रसाद के मार्गदर्शन और जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. पीयूष राय के निर्देशन में यह सत्यापन संपन्न हुआ। टीम में राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक रीता पाटिल, डॉ. अवनीत श्रीवास्तव, नमन गुप्ता, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी हरहुआ डॉ. संतोष कुमार, एमओटीसी डॉ. नंद आसरे, स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी बसंत लाल श्रीवास्तव, बीपीएम सतीश गुप्ता, पंचायत विभाग से ग्राम पंचायत अधिकारी रवि सिंह तथा टीबी यूनिट से एसटीएलएस मुन्ना लाल जायसवार, टीबी हेल्थ विजिटर विवेक चौरसिया और सूरज शामिल थे।
सत्यापन के दौरान टीम ने काजीसराय में एक टीबी मरीज के घर जाकर उसके स्वास्थ्य स्थिति, मिल रही सुविधाओं जैसे निक्षय पोषण योजना आदि की जांच की। साथ ही आयुष्मान आरोग्य मंदिर चमाव का स्थलीय निरीक्षण किया गया, जहां रिकॉर्ड एवं कार्यों की सराहना की गई।
डॉ. अवनीत श्रीवास्तव ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि क्षय रोग (टीबी) को छुपाने की कोई आवश्यकता नहीं है। समय पर जांच करवाकर यदि रोग चिन्हित हो तो नियमित इलाज से पूरी तरह मुक्ति संभव है। उन्होंने जागरूकता पर जोर दिया कि टीबी का इलाज मुफ्त और प्रभावी है।
प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. संतोष कुमार ने बताया कि इस वर्ष हरहुआ ब्लॉक में कुल 75 ग्राम पंचायतों में से 5 को गोल्ड, 44 को सिल्वर और 14 को कांस्य पदक प्रदान किया जाएगा। यह पुरस्कार टीबी मुक्त स्थिति को बनाए रखने और उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर दिए जाते हैं, जो समुदाय की भागीदारी और स्वास्थ्य सेवाओं की मजबूती को दर्शाते हैं।

