दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास ईरानी ड्रोन हमले से भीषण आग
उड़ानें प्रभावित; कोई हताहत नहीं
दुबई। दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (DXB) के निकट सोमवार तड़के एक ईरानी ड्रोन हमले में ईंधन टैंक को निशाना बनाया गया, जिससे भीषण आग लग गई और काला धुआं आसमान में उठने लगा। इस घटना के कारण विश्व के सबसे व्यस्त हवाई अड्डों में शुमार दुबई एयरपोर्ट की सभी उड़ानें अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गईं, हालांकि अब कुछ उड़ानें बहाल हो रही हैं।

दुबई मीडिया ऑफिस ने आधिकारिक बयान में पुष्टि की कि “ड्रोन संबंधित घटना” के कारण एयरपोर्ट के आसपास एक ईंधन टैंक प्रभावित हुआ, जिससे आग लग गई। दुबई सिविल डिफेंस की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पा लिया। अधिकारियों ने बताया कि अब तक किसी के घायल या मारे जाने की कोई सूचना नहीं है।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में आग की लपटें और घना धुआं साफ दिखाई दे रहा है। स्थानीय निवासियों ने रात के सन्नाटे में जोरदार धमाकों की आवाज सुनने की बात कही। फ्लाइट ट्रैकिंग साइट फ्लाइटरडार के अनुसार, कराची, काठमांडू, हनोई, अस्मारा और अम्मान से आने वाली कम से कम पांच उड़ानें होल्ड पर रहीं। कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानें दुबई के बजाय अन्य एयरपोर्ट जैसे मकतूम इंटरनेशनल एयरपोर्ट की ओर डायवर्ट की गईं।
यह हमला ईरान-अमेरिका-इजरायल युद्ध के 17वें दिन हुआ है, जिसमें ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की कार्रवाई तेज कर दी है। हमले से ठीक पहले ईरान ने दुबई और दोहा (कतर) के कुछ इलाकों में रहने वाले नागरिकों को चेतावनी जारी की थी कि वे तुरंत क्षेत्र खाली कर दें, क्योंकि वहां अमेरिकी सैन्यकर्मी मौजूद हैं और वे संभावित निशाने बन सकते हैं। ईरानी मीडिया ने दावा किया कि यूएई के प्रमुख बंदरगाहों और अन्य सुविधाओं में अमेरिकी ठिकाने छिपे हुए हैं।
दुबई एयरपोर्ट ऑपरेटर ने बताया कि सुरक्षा उपायों के तहत उड़ानें चरणबद्ध तरीके से बहाल की जा रही हैं। यह घटना फरवरी के अंत से शुरू हुए ईरानी हमलों की श्रृंखला में तीसरी बड़ी घटना है, जिसमें खाड़ी देशों के हवाई अड्डों और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस संघर्ष से वैश्विक उड्डयन और तेल आपूर्ति पर गहरा असर पड़ सकता है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन क्षेत्रीय तनाव और बढ़ गया है।

