हुकुलगंज-सिकरौल में अवैध निर्माण बना हादसे की वजह, वीडीए सख्त
दो बार सीलिंग के बावजूद जारी रहा निर्माण, अब एफआईआर की तैयारी
वाराणसी, (जनवार्ता):
हुकुलगंज-सिकरौल क्षेत्र में निर्माणाधीन अवैध भवन में हुई दुर्घटना के मामले में वाराणसी विकास प्राधिकरण (वीडीए) ने सख्त रुख अपनाया है। प्राधिकरण के अनुसार संबंधित भवन का स्वामी रामेश्वर तिवारी है, जिसने ऑनलाइन मानचित्र संख्या VDA/BP/23-24/0282 के तहत स्टिल्ट प्लस तीन मंजिला आवासीय भवन की स्वीकृति ली थी।
हालांकि, स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्माण करते हुए सेटबैक क्षेत्र को कवर कर लगभग 50×50 क्षेत्रफल में बेसमेंट, ग्राउंड और प्रथम तल के ऊपर आरसीसी पिलर खड़े किए जा रहे थे। इस अनियमितता को देखते हुए वीडीए ने उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम 1973 की धारा-27 के तहत 1 मई 2025 को कार्रवाई करते हुए निर्माण स्थल को सील कर स्थानीय थाने की अभिरक्षा में सौंप दिया था।
इसके बावजूद, आरोप है कि भवन स्वामी द्वारा सीलिंग के बाद भी चोरी-छिपे और रात्रि के समय निर्माण कार्य जारी रखा गया। इस पर दोबारा कार्रवाई करते हुए प्राधिकरण ने 12 मार्च 2026 को धारा-28 (क) के तहत स्थल को पुनः सील किया और इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी।
वीडीए सचिव ने बताया कि वर्तमान में अवैध निर्माणकर्ता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि भविष्य में यदि कोई भी व्यक्ति सील किए जाने के बाद भी अवैध निर्माण करता पाया गया, तो उसके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई करते हुए संबंधित थाने में मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।


