वर्चस्व की लड़ाई में हिस्ट्रीशीटर की हत्या, लाठी-डंडों से पीटकर उतारा मौत के घाट
फतेहपुर (जनवार्ता)। हुसेनगंज थाना क्षेत्र में पुरानी रंजिश और वर्चस्व की लड़ाई ने खूनी रूप ले लिया। गांव के बीच दिनदहाड़े 32 वर्षीय हिस्ट्रीशीटर अभिमन्यु उर्फ कुन्नू यादव की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। हमलावरों ने उसे बचाने पहुंचे उसके माता-पिता को भी नहीं बख्शा और उनके साथ भी मारपीट की। घटना का वीडियो सामने आने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है।

घटना पूरे रहिमाल मजरे जमरावां गांव की है। शुक्रवार सुबह अभिमन्यु यादव अपने घर के बाहर बैठा था। इसी दौरान गांव का कमलेश यादव अपने साथियों और परिजनों के साथ वहां पहुंचा। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच पहले से विवाद चल रहा था। आरोपियों को देखकर अभिमन्यु भागने लगा, लेकिन हमलावरों ने उसे पकड़ लिया और लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया।
चीख-पुकार सुनकर अभिमन्यु के पिता मान सिंह यादव और मां ननकी देवी मौके पर पहुंचे और बेटे को बचाने का प्रयास किया, लेकिन आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट कर दी। हमले में गंभीर रूप से घायल अभिमन्यु को परिजन जिला अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मृतक के चाचा ज्ञान सिंह यादव ने आरोप लगाया कि गांव के कमलेश यादव, मनीष और सचिन समेत अन्य लोगों ने पुरानी रंजिश में इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने कमलेश यादव सहित 10 लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि अभिमन्यु यादव और कमलेश यादव के बीच लंबे समय से वर्चस्व को लेकर विवाद चल रहा था। दोनों पक्षों के बीच पहले भी कई बार झड़प हो चुकी थी। घटना से एक दिन पहले भी दोनों के बीच कहासुनी हुई थी।
एसपी अभिन्यु मांगलिक ने बताया कि मृतक अभिमन्यु उर्फ कुन्नू यादव थाना क्षेत्र का हिस्ट्रीशीटर था और उसके खिलाफ 20 से 25 मुकदमे दर्ज थे। पुलिस के अनुसार उसकी मानसिक स्थिति भी ठीक नहीं थी और परिवार को पहले नोटिस देकर इलाज कराने की सलाह दी गई थी।
एसपी ने बताया कि घटना का वीडियो पुलिस को मिला है। वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की कार्रवाई की जा रही है।

