वाराणसी की गंज शहीदा मस्जिद पर पाकिस्तान के राष्ट्रपति के बयान पर भारत का करारा जवाब
नई दिल्ली (जनवार्ता)। वाराणसी स्थित गंज शहीदा मस्जिद को लेकर पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी की टिप्पणी पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। भारत का विदेश मंत्रालय ने बयान को पूरी तरह खारिज करते हुए इसे भारत के आंतरिक मामलों में अनुचित हस्तक्षेप बताया।

विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि पाकिस्तान के राष्ट्रपति का भारत के आंतरिक मामलों पर टिप्पणी करने का “कोई अधिकार (No Locus Standi) नहीं है।” उन्होंने कहा कि भारत ऐसे अनावश्यक और निराधार बयानों को सिरे से खारिज करता है।
विदेश मंत्रालय ने आगे कहा कि मानवाधिकार और अल्पसंख्यकों के अधिकारों पर पाकिस्तान का अपना रिकॉर्ड बेहद खराब रहा है। ऐसे में वहां की ओर से इस प्रकार की टिप्पणी करना “हास्यास्पद” है। मंत्रालय ने आरोप लगाया कि यह बयान राजनीतिक दुर्भावना और भारत विरोधी सोच से प्रेरित है।
दरअसल, पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में वाराणसी की गंज शहीदा मस्जिद का उल्लेख करते हुए भारत में मुस्लिम धार्मिक स्थलों पर कथित खतरे की चिंता जताई थी। यह मस्जिद हाल ही में भारतीय रेल की काशी रेलवे स्टेशन विस्तार परियोजना से जुड़े नोटिस के कारण चर्चा में रही है।

