नगर निगम कार्यकारिणी चुनाव में कांग्रेस का सपा पर गठबंधन धर्म न निभाने का आरोप
वाराणसी (जनवार्ता)। नगर निगम वाराणसी की कार्यकारिणी चुनाव को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच विवाद गहरा गया है। महानगर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने शनिवार को मैदागिन स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेतृत्व पर गठबंधन धर्म का पालन न करने का आरोप लगाया।

राघवेंद्र चौबे ने कहा कि नगर निगम कार्यकारिणी चुनाव में कांग्रेस को समर्थन देने का सपा की ओर से लिखित आश्वासन दिया गया था, लेकिन चुनाव के दौरान पार्टी अपने वादे से पीछे हट गई। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके लिए समाजवादी पार्टी के महानगर अध्यक्ष और पार्षद दल के नेता जिम्मेदार हैं।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2025 के कार्यकारिणी चुनाव में कांग्रेस ने पूरी निष्ठा के साथ सपा प्रत्याशियों का समर्थन किया था, जिसके परिणामस्वरूप सपा के अमरदेव यादव और प्रमोद यादव कार्यकारिणी सदस्य निर्वाचित हुए थे। उस समय अगले चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी को समर्थन देने का लिखित आश्वासन भी दिया गया था।
कांग्रेस ने इस बार अपने अधिकृत प्रत्याशी एवं पार्षद दल के नेता गुलशन अंसारी को चुनाव मैदान में उतारा, लेकिन सपा ने कथित तौर पर अपने वचन का पालन नहीं किया। चौबे ने इसे गठबंधन की भावना और राजनीतिक नैतिकता के विरुद्ध बताया।
उन्होंने कहा कि पूरे घटनाक्रम की विस्तृत रिपोर्ट उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भेजी जाएगी। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि वह अपने कार्यकर्ताओं के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी।
पत्रकार वार्ता में पार्षद दल के नेता गुलशन अंसारी, रमजान अली, तुफैल, वोकाश अंसारी, बेलाल अहमद, धीरज सोनकर, किशन यादव और रामजी गुप्ता सहित अन्य कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
हालांकि, समाजवादी पार्टी की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

