महिला से चेन छिनैती करने वाले दो गिरफ्तार
वाराणसी (जनवार्ता)। रामनगर पुलिस ने सामने घाट पुल पर महिला से हुई चेन छिनैती की घटना का खुलासा करते हुए दो शातिर लुटेरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से महिला से छीनी गई सोने की चेन भी बरामद की है। पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी मोटरसाइकिल से शहर में घूमकर महिलाओं को निशाना बनाते थे और मौका मिलते ही चेन अथवा पर्स छीनकर फरार हो जाते थे।

पुलिस के मुताबिक गुरुवार को एक महिला ने रामनगर थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी कि वह ई-रिक्शा से सामने घाट पुल से जा रही थी। इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार दो बदमाश उसके गले से चेन छीनकर फरार हो गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।
घटना के बाद पुलिस टीम ने आसपास के लोगों से पूछताछ की। इस दौरान जानकारी मिली कि चेन छीनने के बाद दोनों बदमाश बंधा रोड की ओर भागे हैं। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बावन बिगहा मैदान स्थित दुर्गा मंदिर के पास घेराबंदी कर दो संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान पवन दुबे (31) निवासी रघुनाथपुर, थाना फूलपुर और गौरव तिवारी (22) निवासी गोगवा, पोस्ट रैसीपुर, थाना जंसा के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से महिला से छीनी गई पीली धातु की चेन बरामद हुई।
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि घटना के दौरान काफी लोगों ने उन्हें देख लिया था। पकड़े जाने के डर से दोनों जंगल में छिपकर रात होने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें दबोच लिया। पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी इसी मोटरसाइकिल से शहर में घूमते थे और मौका मिलते ही महिलाओं के गले से चेन अथवा हाथ में रखा पर्स छीनकर भाग जाते थे। लूटे गए सामान को बेचकर मिलने वाली रकम दोनों आपस में बांटकर अपने शौक पूरे करते थे।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी गौरव तिवारी का पूर्व आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। उसके खिलाफ थाना कपसेठी में वर्ष 2023 में चोरी और चोरी का माल रखने समेत विभिन्न धाराओं में तीन मुकदमे दर्ज हैं। रामनगर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गुरुवार की रात बावन बिगहा मैदान स्थित दुर्गा मंदिर के पास से गिरफ्तार किया।
गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में थाना प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार मिश्र, चौकी प्रभारी कस्बा उपनिरीक्षक शिवम सोनी, उपनिरीक्षक बाल योगेश्वर गौड़, पंकज मिश्रा, नितेश शर्मा, मनीष मौर्या तथा कांस्टेबल विपिन कुमार, दुर्गा प्रसाद और अजीत कुमार शामिल रहे।

