अंबाला से ड्रग नेटवर्क का बड़ा सप्लायर गिरफ्तार, ₹10 लाख के लेन-देन के मिले साक्ष्य
शिमला पुलिस की बड़ी कार्रवाई,
शिमला, (जनवार्ता)।
मादक पदार्थ तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए शिमला पुलिस ने अंबाला से गैंग के एक प्रमुख सप्लायर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान करण (34) पुत्र संजीत के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे तकनीकी विश्लेषण, कॉल डिटेल्स और वित्तीय लेन-देन की जांच के आधार पर दबोचा। जांच में उसके और सह-अभियुक्तों के बीच करीब ₹10 लाख के लेन-देन के साक्ष्य मिले हैं।

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 22 अगस्त 2025 को दर्ज एक NDPS मामले की जांच के दौरान की गई। उस समय रामपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने प्रशांत नेगी (27), अविनाश ठाकुर (35) और देवन जोश (28) को 17.150 ग्राम चिट्टा/हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। उसी मामले में आगे की पड़ताल के दौरान ड्रग नेटवर्क की कड़ियां पीछे तक जोड़ी गईं।
जांच में सामने आया कि करण का सह-अभियुक्तों, खासकर मुख्य आरोपी से सीधा संपर्क था। वह नेटवर्क में धन उपलब्ध कराने, लेन-देन कराने और पूरे समन्वय की भूमिका निभा रहा था। पुलिस को उसके और अन्य आरोपियों के बीच करीब ₹10 लाख के ट्रांजेक्शन के पुख्ता साक्ष्य मिले हैं। इसी आधार पर उसकी भूमिका NDPS अधिनियम की धारा 29 (षड्यंत्र/साझेदारी) के तहत स्थापित की गई।
पुलिस ने बताया कि करण मूल रूप से पंचकूला के खड़क मंगोली का निवासी है और फिलहाल जीरकपुर की इमर्जिंग हाइट्स सोसायटी में रह रहा था। उसे 13 अप्रैल 2026 को अंबाला से गिरफ्तार किया गया। आरोपी के खिलाफ NDPS एक्ट के तहत पहले से भी कई मामले दर्ज बताए जा रहे हैं।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 16 अप्रैल 2026 तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस अब उससे पूछताछ कर नेटवर्क के अन्य सदस्यों और धन के स्रोतों की जानकारी जुटा रही है।
इस मामले में अब तक कुल 9 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें राजदीप (28), कृष्ण कुमार (24), इवान (28), हिमांशु नेगी (25) और परविंदर नेगी (26) शामिल हैं, जिन्हें पहले किन्नौर और रामपुर क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया था।

