बरेली में शिक्षकों पर अभद्र टिप्पणी से बवाल, एसडीएम आंवला को मांगनी पड़ी माफी
ट्रेनिंग स्थल पर शिक्षकों ने जताया विरोध, हंगामे के बाद मौके से चले गए एसडीएम
बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में शिक्षकों के प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान एसडीएम आंवला की कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर विवाद खड़ा हो गया। आरोप है कि एसडीएम ने शिक्षकों के लिए ”भूखे-नंगे कुत्तों की तरह लाइन में लगे हैं” जैसे अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। इस टिप्पणी से नाराज शिक्षकों ने विरोध जताया, जिसके बाद प्रशिक्षण स्थल पर हंगामे की स्थिति बन गई।


प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भोजन के पैकेट लेने के लिए कतार में खड़े शिक्षकों को देखकर एसडीएम ने कथित तौर पर यह टिप्पणी की। इससे नाराज शिक्षकों ने प्रशिक्षण का बहिष्कार कर दिया और अधिकारी के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। स्थिति बिगड़ने पर एसडीएम प्रशिक्षण स्थल से चले गए। बाद में विवाद बढ़ने पर वापस पहुंचे और अपने शब्दों पर खेद जताते हुए सार्वजनिक रूप से माफी मांगी।
500 से अधिक शिक्षक हुए लामबंद
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, प्रशिक्षण में करीब 484 से 500 से अधिक शिक्षक एवं कर्मचारी शामिल थे। शिक्षकों ने करीब सवा घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया और भोजन का बहिष्कार कर दिया। मामला शांत कराने के लिए तहसीलदार, नगर पालिका के अधिकारी और पुलिसकर्मियों को भी हस्तक्षेप करना पड़ा।
विवाद यहीं नहीं थमा। एसडीएम की टिप्पणी के विरोध में उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के आह्वान पर शिक्षकों ने बरेली के सेठ दामोदर स्वरूप पार्क से कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च निकाला। शिक्षक संघ ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर एसडीएम के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
एसडीएम सुशील कुमार मिश्रा ने अपनी ओर से कहा कि भोजन व्यवस्था को लेकर विवाद हुआ था और बातचीत से मामला सुलझा लिया गया। वहीं शिक्षकों ने इस घटना को अपने सम्मान से जुड़ा मामला बताया है।

