खाद संकट पर सपा का प्रदर्शन, डीएम को ज्ञापन सौंपकर कालाबाजारी रोकने की मांग
सोनभद्र (जनवार्ता) । धान रोपाई के बीच जिले में खाद की कमी और वितरण व्यवस्था में कथित अनियमितताओं को लेकर समाजवादी पार्टी ने मंगलवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। पार्टी ने आरोप लगाया कि सहकारी समितियों पर किसानों को समय से खाद नहीं मिल रही है, जबकि खुले बाजार में ऊंचे दाम पर उर्वरकों की बिक्री हो रही है। चेतावनी दी गई कि यदि व्यवस्था में शीघ्र सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।


समाजवादी पार्टी के जिला सचिव प्रमोद यादव ने कहा कि कोन, कचनरवा, बभनी और बकरिहवा क्षेत्रों के किसान खाद के लिए परेशान हैं। उनका आरोप है कि कई सहकारी समितियां समय पर नहीं खुलतीं या खाद की कमी बनी रहती है, जिससे किसानों को घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ता है। उन्होंने कहा कि डीएपी का वितरण पहले ऋणी किसानों और समिति सदस्यों को किए जाने से अधिया पर खेती करने वाले तथा गैर-सदस्य किसान सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि खुले बाजार में डीएपी उपलब्ध न होने के कारण किसान मजबूरी में 2100 रुपये प्रति बोरी की एनपीके खाद खरीद रहे हैं। वहीं, यूरिया की भी निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर बिक्री की शिकायतें सामने आई हैं। बकरिहवा समिति में किसानों ने वितरण व्यवस्था पर नाराजगी जताते हुए समय से केंद्र नहीं खुलने और चहेते लोगों को प्राथमिकता दिए जाने का आरोप लगाया।
सपा ने जिलाधिकारी से मांग की कि खाद की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता लाई जाए, कालाबाजारी पर प्रभावी कार्रवाई हो तथा सभी किसानों को समय पर निर्धारित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराया जाए। पार्टी ने चेतावनी दी कि मांगों की अनदेखी होने पर व्यापक आंदोलन किया जाएगा।

