चिराग चले अंधेरा:स्वच्छता मिशन के तहत लाखों का खर्च, बीडीओ आवास पर पशु चिकित्सा परिसर में उगी बड़ी- बड़ी घास
चोलापुर (जनवार्ता)।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में स्वच्छ भारत मिशन जैसी महत्वाकांक्षी योजनाएं चलाई जा रही हैं। इनका उद्देश्य गांव-गांव को स्वच्छ रखना और गंदगी से फैलने वाली बीमारियों से निजात दिलाना है। इसके लिए सरकार लाखों-करोड़ों रुपए खर्च भी कर रही है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही तस्वीर पेश कर रही है।

स्थानीय विकास खंड चोलापुर में यह कहावत ‘चिराग चले अंधेरा’ बिल्कुल सटीक बैठ रही है। दरअसल, खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) चोलापुर, शिव नारायण सिंह के सरकारी आवास के आस-पास और राजकीय पशु चिकित्सा परिसर में बड़ी-बड़ी घास उग आई है। वहीं गंदगी का अंबार लगा हुआ है, जिससे आस-पास के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा हैl सरकारी योजनाओं के तहत स्वच्छता का डंका बजाने वाली व्यवस्था जब अपने ही कार्यालय और आवास परिसर को साफ नहीं रख पा रही है, तो ग्रामीणों का मोहभंग होना स्वाभाविक है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की लापरवाही से न सिर्फ सरकारी छवि धूमिल हो रही है, बल्कि स्वच्छता अभियान का मकसद भी विफल हो रहा है।हालांकि, खंड विकास अधिकारी शिव नारायण सिंह का कहना है कि “समय-समय पर सफाई कराई जाती है।” उनके इस बयान से यह सवाल जरूर खड़ा होता है कि जब सफाई नियमित रूप से हो रही है, तो फिर बीडीओ आवास और पशु चिकित्सा परिसर में घास और कूड़े के ढेर क्यों नजर आ रहे हैं?प्रशासनिक अमले की इस दोहरी भूमिका ने आम जनता में निराशा पैदा कर दी है। अब देखना यह है कि खबर सामने आने के बाद स्थानीय प्रशासन कितनी गंभीरता दिखाता है और क्या वाकई स्वच्छता के नाम पर ‘अंधेरा’ दूर हो पाता है।

