वाराणसी में सरदार पटेल जयंती पर निकली विशाल शोभायात्रा
गूंजे एकता के नारे
वाराणसी (जनवार्ता) । सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर शुक्रवार को सामाजिक एकता मंच के तत्वावधान में विशाल शोभायात्रा निकाली गई। काशी विद्यापीठ ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि प्रवेश पटेल के नेतृत्व में निकली इस यात्रा में हजारों लोगों ने भाग लेकर लौह पुरुष को श्रद्धांजलि अर्पित की।

खराब मौसम और रुक-रुककर हो रही बारिश के बावजूद लोगों का उत्साह कम नहीं हुआ। कोरौता रामलीला मैदान से बाइक और कारों के विशाल काफिले के साथ शुरू हुई शोभायात्रा में लोग ‘जय-जय सरदार’ के नारे लगाते हुए आगे बढ़े। यात्रा के दौरान भाजपा पिछड़ा मोर्चा के महामंत्री भानु शंकर पटेल डीजे वाहन पर सवार होकर माइक के माध्यम से सरदार पटेल के विचारों और उनके योगदान को लोगों तक पहुंचाते रहे।
शोभायात्रा कोरौता रामलीला मैदान से वाराणसी-भदोही मार्ग होते हुए चांदपुर तक गई और वहां से काशी विद्यापीठ ब्लॉक पहुंचकर संपन्न हुई। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लोहता थानाध्यक्ष अभिजीत सिंह पुलिस बल के साथ मुस्तैद रहे।
सरदार पटेल के विचारों को किया याद
इस अवसर पर प्रवेश पटेल ने कहा कि सरदार पटेल के विचारों में ही भारत की एकता और अखंडता का मंत्र निहित है। भानु शंकर पटेल ने कहा कि सरदार पटेल ने 562 रियासतों का एकीकरण कर अखंड भारत के निर्माण में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। सर्वेश पटेल ने उनके जीवन को सादगी और दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक बताया। वहीं जंग बहादुर पटेल ने कहा कि सरदार पटेल की जयंती राष्ट्रीय एकता और अखंडता का पर्व है।
शोभायात्रा में आनंद पटेल, कोरौता प्रधान दिनेश पटेल, छितौनी प्रधान विजय जायसवाल, प्रमोद पटेल, मनोज पटेल, चंदन पटेल, जर्मन पटेल, विजय राज यादव, धर्मेंद्र मौर्य, गणेश पाल, किशन विश्वकर्मा और महमूदपुर प्रधानपति इम्तियाज हाशमी सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।

