मुख्यमंत्री के बेटी-दामाद की कॉलोनी में चोरी करने वाला अंतरराज्यीयगिरोह सक्रिय, एक आरोपी गिरफ्तार
धमतरी, (जनवार्ता)। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के बेटी-दामाद की कॉलोनी में हुई चोरी के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। अंतरराज्यीय चोर गिरोह के एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि तीन अन्य आरोपी अब भी फरार हैं। उनकी तलाश जारी है।

सिटी कोतवाली पुलिस के अनुसार, शहर की पॉश आकाश गंगा कॉलोनी में 7-8 फरवरी की रात हथियारबंद चार चोरों ने कई घरों को निशाना बनाया था। आरोपियों ने क्रेडा अधिकारी, शिक्षक, स्वास्थ्य कर्मी और एक पुलिस अधिकारी सहित कई घरों से नकदी और सोने-चांदी के जेवरात चोरी किए थे।
मामले में पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर करीब ढाई महीने तक पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी रही। तकनीकी जांच में टावर डंप और मूवमेंट एनालिसिस का सहारा लिया गया।
जांच के दौरान सामने आया कि 9 फरवरी को कोरबा की एनटीपीसी कॉलोनी और 12-13 फरवरी को अंबिकापुर में भी इसी तरह की चोरी की घटनाएं हुई थीं। तीनों घटनाओं के सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण से पुष्टि हुई कि एक ही गिरोह इन वारदातों को अंजाम दे रहा था।
पुलिस के अनुसार, गिरोह के सदस्य आपसी संपर्क के लिए इंस्टाग्राम चैट का इस्तेमाल करते थे और केवल एक सदस्य सीमित समय के लिए मोबाइल का उपयोग करता था। इससे उनकी ट्रैकिंग चुनौतीपूर्ण हो गई थी।
आकाश गंगा कॉलोनी में हुई चोरी में कुल एक लाख 28 हजार 200 रुपये के सामान और नकदी की चोरी हुई थी। इसमें सोने की अंगूठी, चांदी के सिक्के, घड़ी और नगदी शामिल हैं।
ऑल इंडिया पुलिस नेटवर्क पर सीसीटीवी फोटो साझा करने के बाद आरोपियों की पहचान मध्यप्रदेश के धार जिले के एक सक्रिय गिरोह के रूप में हुई। इसके बाद धमतरी पुलिस की टीम धार पहुंची और नौ दिनों तक निगरानी के बाद एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान दिनेश बवानिया (28 वर्ष), निवासी टाटा थाना क्षेत्र, जिला धार (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। उसके पास से चोरी में इस्तेमाल किए गए औजार और एक सोने की अंगूठी बरामद की गई है।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि चोरी का सामान आपस में बांटकर बेच दिया जाता था। पुलिस के मुताबिक, बाकी तीन आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उनकी गिरफ्तारी के लिए जल्द ही टीम रवाना की जाएगी।

