ग्रामीण पेयजल योजना को लेकर सेवापुरी में प्रशिक्षण
ग्राम प्रधानों और स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को जल संरक्षण के प्रति किया जागरूक
वाराणसी (जनवार्ता)। सेवापुरी ब्लॉक सभागार में शुक्रवार को ग्रामीण पेयजल आपूर्ति योजना के अंतर्गत ग्राम प्रधानों, पंचायत सहायकों एवं स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का एकदिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ खंड विकास अधिकारी राजेश सिंह, प्रभारी सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) राहुल राम, प्रशिक्षकों एवं ग्राम प्रधानों ने दीप प्रज्वलित कर किया।

प्रशिक्षण कार्यक्रम में ग्रामीण क्षेत्रों में शत-प्रतिशत सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने तथा जल संरक्षण के उपायों पर विस्तार से जानकारी दी गई। खंड विकास अधिकारी राजेश सिंह ने कहा कि ग्राम पंचायतों में निर्मित ओवरहेड टैंकों का हैंडओवर लेने से पहले पाइपलाइन और उसके प्रेशर की जांच अवश्य कराई जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक घर तक पानी की आपूर्ति सुचारु रूप से पहुंच रही है या नहीं, इसकी भी जांच जरूरी है। इसके लिए कंसल्टिंग इंजीनियर की व्यवस्था की गई है। ग्राम प्रधान पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ही योजनाओं का हैंडओवर लें।
प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनर शैलजा उपाध्याय एवं प्रभंजन यादव ने जल संरक्षण, सुरक्षित पेयजल उपयोग तथा जल स्रोतों को स्वच्छ बनाए रखने के उपाय बताए। उन्होंने लोगों से पानी का दुरुपयोग रोकने, कम पानी खर्च करने और जल स्रोतों को प्रदूषित न करने की अपील की।
इस दौरान पानी की टंकियों की हाइड्रा टेस्टिंग एवं प्रेशर टेस्टिंग की प्रक्रिया की भी जानकारी दी गई, ताकि आपूर्ति शुरू होने के बाद ग्रामीणों को किसी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े।
अधिकारियों ने कहा कि जिन ग्राम पंचायतों में योजनाओं का हैंडओवर हो चुका है, वहां जल शुल्क संग्रह की प्रक्रिया भी शुरू की जाए, जिससे ग्राम पंचायतों की आय में वृद्धि हो सके। कार्यक्रम में मौजूद स्वयं सहायता समूह की महिलाओं, पंचायत सहायकों एवं ग्राम प्रधानों से अपने-अपने गांवों में सुरक्षित पेयजल, स्वच्छता और जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने की अपील की गई।

