चौबेपुर में नशा तस्करी पर ग्रामीणों में रोष, महिलाएं बनीं तस्करों की ढाल
वाराणसी (जनवार्ता)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल के सख्त निर्देशों के बावजूद चौबेपुर क्षेत्र में नशे का कारोबार धड़ल्ले से जारी है। तस्कर अब महिलाओं को इस धंधे में शामिल कर रहे हैं, जिससे पुलिस के लिए पकड़ना मुश्किल हो गया है।क्षेत्र में हेरोइन, गांजा और कच्ची शराब का जाल बिछा है। युवा पीढ़ी तेजी से नशे की गिरफ्त में आ रही है। तस्कर पहले मौज-मस्ती का झांसा देकर युवाओं को आदी बनाते हैं, फिर महंगी पुड़ियां बेचकर मोटा मुनाफा कमाते हैं।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन मूकदर्शक बना है। ग्रामीणों का सवाल है कि जब शीर्ष अधिकारी सख्त आदेश दे रहे हैं तो तस्कर इतने निर्भीक क्यों हैं?व्यापार मंडल के सोनू सेठ ने कहा- “हेरोइन पूरे परिवार की खुशियां चट कर रही है। महिलाओं को धंधे में उतारना गंभीर चिंता का विषय है।समाजसेवी अजय सिंह चंदेल ने कहा,महिलाओं के नाम पर तस्कर खतरनाक खेल खेल रहे हैं। सभी को एकजुट होकर मोर्चा खोलना होगा।
व्यापार उपाध्यक्ष विशाल सेठ ने कहा- महिलाओं का इस कारोबार में आना समाज के पतन की शुरुआत है।
रामचंद्र राजभर ने आंखों में नमी के साथ कहा- “हेरोइन ने घर तबाह कर दिए। महिलाओं के शामिल होने से हालात और मुश्किल हो गए हैं।”
ग्रामीणों की चेतावनी- अगर समय रहते नहीं रोका गया तो क्षेत्र उजड़े पंजाब जैसा बन जाएगा। लोगों ने उच्चाधिकारियों से तत्काल सख्त कार्रवाई की गुहार लगाई है।

